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वीकेंड पर बैंकों में उमड़ी भारी भीड़

Sat, 12 Nov 2016 10:55 PM IST
ब्यूरो , अमर उजाला गाजियाबाद
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बैंक - फोटो : अमर उजाला
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तीसरे दिन भी शनिवार को बैंकों, डाकघरों और एटीएम के बाहर जबरदस्त मारामारी रही। वीकेंड होने के चलते भीड़ काफी बढ़ गई थी। हालत यह रहे कि कई बैंकों में 100-100 के नोट खत्म हो गए। इसके बाद 2000 रुपये के नए नोट दिए गए। कुछ बैंकों में तो 50, 20 और 10 रुपये के नोटों की गड्डियां दी गईं। उधर, शनिवार को भी एटीएम धोखा दे गए।
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शहर के कुछ ही एटीएम से कैश निकला। बैंकों से लेकर एटीएम तक सुबह से देर शाम तक लाइनें लगी रहीं। इस दौरान पुलिस और लोगों की बीच जगह-जगह नोकझोंक  भी हुई।आरडीसी स्थित करूर वैश्य बैंक, कैथोलिक सिरियन बैंक, यस बैंक में दोपहर को ही कैश खत्म हो गया।

नवयुग मार्केट स्थित एसबीआई के साथ लाइन पार क्षेत्र में आंध्रा बैंक में शाम चार बजे को कैश खत्म हो गया। लोगों को इस दौरान काफी मुश्किलें हुईं। लोगों ने आरोप लगाया कि सुबह से शाम हो जाती है, लेकिन नोट बदल नहीं पाते। बैंकों की स्थिति काफी बुरी है।
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स्थिति यह है कि अब उनके पास छुट्टे पैसे भी नहीं बचे हैं, जो पैसे थे वह चार दिनों में खर्च हो गए। वहीं, कई ग्राहकाें की यह शिकायत भी रही कि अकाउंट से उन्हें जो 10 हजार रुपये की गड्डियां दी जा रही हैं, उनमें कटे-फटे नोट भी निकल रहे हैं।उधर, शनिवार को भी बैंकों के एटीएम ने लोगों का साथ नहीं दिया।

आरडीसी, विजयनगर, संजय नगर, राजनगर समेत कई इलाकों में एटीएम या तो बंद रहे या उनमें कैश खत्म हो गया था। नवयुग मार्केट में भी पीएनबी, एसबीआई, इलाहाबाद बैंक, कारपोरेशन बैंक, बैंक ऑफ बडौदा, सिंडिकेट, देना बैंक की एटीएम बंद पड़ी थीं। मोदीनगर में एसबीआई में सुबह दस बजे से शाम चार बजे तक ही काम हुआ।

शाम चार बजे मेन गेट बंद करने पर घंटों से लाइन में खड़े लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया, मगर सुरक्षाकर्मियों के समझाने के बाद लोग शांत होकर लौट गए। उधर, गोविंदपुरी स्थित सिंडीकेट बैंक, लोअर बाजार और गोविंदपुरी स्थित जिला सहकारी बैंकों में तीसरे दिन भी पैसा नहीं पहुंचा। इन बैंकों मेेेें लोगों ने केवल रुपये जमा करवाए गए।

इसके अलावा एक्सिस बैंक और बैंक ऑफ बड़ौैदा में दोपहर बाद पैसा खत्म हो गया। वहीं, मुख्य डाकघर और हरमुखपुरी व गोविंदपुरी स्थित डाकघरों में भी केवल पैसा जमा हुआ। आम आदमी के साथ दुकानदाराें के पास भी अब 100-100 के नोट के अलावा 10, 20 व 50 रुपये के नोटाें की कमी हो गई है। इससे लोगों की परेशानी बढ़ गई है।

स्थिति यह है कि अब लोग अपने जानकार दुकानदारों से उधार पर घर का राशन व अन्य जरूरी सामान ले आ रहे हैं। वहीं, बिक्री कम होने से परेशान दुकानदारों ने भी उधारी सामान देना शुरू कर दिया है। राशन के अलावा अन्य दुकानदार भी उधारी कर रहे हैं। सराफ भी पहले दिए गए आर्डर का भुगतान न मिलने पर अपने जानने वालों को उधार में ज्वैलरी दे रहे हैं।

शनिवार को भी चौपला बाजार, डासना गेट, सिहानी गेट, घंटाघर, रमते राम रोड, गांधीनगर, तुराबनगर मार्केट की रौनक फीकी ही रही। शुक्रवार को आयकर के छापे पड़ने की अफवाह फैलने के बाद बड़ी संख्या में दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दी थीं। शनिवार को छापे का डर दुकानदारों में देखा गया और उन्होंने दुकानें बंद रखीं।

वहीं दुकान खोलकर बैठे दुकानदार काफी उदास दिखे। उनका कहना था कि जब लोगों के पास पैसे ही नहीं तो कारोबार कैसे होगा।शनिवार को दोपहर डेढ़ बजे एसबीआई का सर्वर अचानक से ठप हो गया। कर्मचारी परेशान हो गए। लोगों को रुपये बदलवाने के लिए करीब दो घंटे तक खड़े रहना पड़ा। इस बीच लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।

दूसरी और फार्म को ऑनलाइन अपलोड करने में भी समय लगा। एसबीआई में जितने लोग नोट बदलवाने के लिए आ रहे थे उनके फार्म को साथ ही साथ कंप्यूटर पर अपलोड किया जा रहा था। जिस कारण लोगों को ज्यादा इंतजार करना पड़ा।

 क्या कहते हैं लोग
- बैंक कर्मचारी नोटाें की गड्डियाें में कटे नोट दे रहे हैं। जब घर आकर गड्डी को देखा तो उसमें कई नोट खराब थे। यह नुकसान लोगों को उठाना पड़ रहा है। - मनोज कुमार, पटेल नगर

- इतनी भीड़ में सीनियर सिटीजन कैसे रुपये जमा कराए या निकाले। बैंक अधिकारी पहले व्यवस्था करते हैं। इसके बाद कार्य शुरू करते। - शशि, शास्त्री नगर
- सारा काम छोड़कर नोट बदलने के लिए आना पड़ता है। घंटो लाइन में खडे़ रहो, लेकिन नंबर नहीं आता। ऐसे में पब्लिक क्या करे। - कीर्ति शर्मा, विवेकानंद नगर

पुराने नोट बदलवाने को नवयुग मार्केट स्थित मुख्य डाकघर में पिछले दो दिन के मुकाबले सबसे अधिक भीड़ रही। सुबह दस बजे से ही हेड पोस्ट ऑफिस में पुराने नोट बदलने का काम शुरू हो गया। शाम छह बजे तक नोट बदलने वाले लोगों की लंबी लाइन लगी रही। महिलाएं शादी का कार्ड लेकर हेड पोस्टमास्टर के पास पहुंची।

कैला भट्टा की अनीसा ने शादी का कार्ड दिखाते हुए सीनियर पोस्ट मास्टर से अधिक नोट दिलाने की प्रार्थना की। भीड़ के कारण शाम 4:30 बजे ही करेंसी खत्म हो गई थी। बाद में दोबारा करेंसी मंगाई गई।उधर, हेड पोस्ट ऑफिस में भीड़ का फायदा उठाते हुए कई लोगों ने स्टाफ को पांच-पांच सौ के नकली नोट दे दिए।

हीं आपाधापी में कई स्टाफ ने नोटों की गिनती में गलती की और ज्यादा नोट ग्राहकों को दे दिए। इसके बदले हेड पोस्ट ऑफिस के दो स्टाफ को अपनी जेब से बीस हजार रुपये का भुगतान करना पड़ा। सीनियर पोस्टमास्टर जेएस बिष्ट ने कहा कि लोगों की भीड़ को संभालना मुश्किल हो रहा है। कर्मचारी बिना खाए-पीए काम में जुटे हुए हैं।

पैठ बाजार की वजह से नवयुग मार्केट स्थित हेड पोस्ट ऑफिस में नोट बदलवाने के लिए लाइन में लगने वाले लोगों को ज्यादा दिक्कत होगी। रविवार को अधिक भीड़ के मद्देनजर सीनियर पोस्ट मास्टर ने महिला कांस्टेबल की भी डिमांड की है।

उपभोक्ता अब 14 नवंबर तक  पावर कारपोरेशन के बिलिंग काउंटरों पर बिजली बिल जमा कर सकेंगे। पावर कारपोरेशन ने 72 घंटे की मोहलत बढ़ते के बाद उपभोक्ताओं को 14 नवंबर तक के लिए राहत दी है। बिलिंग काउंटरों पर 500 और 1000 रुपए के पुराने नोट भी मान्य होंगे। बिलिंग काउंटर पर एडवांस बिल के रूप में पुराने नोट नहीं लिए जाएंगे।
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