गाजियाबाद। निवाड़ी में बुधवार दोपहर दिनदहाड़े हुए साढ़े तीन लाख की नकदी और 40 तोले सोने की डकैती की घटना फर्जी निकली। शनिवार को पुलिस ने इसका खुलासा कर चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से लाखों के गहने, साढ़े 12 हजार की नकदी और एक मोबाइल बरामद किया है। पुलिस ने बताया कि दीपिका त्यागी ने ही मायके वालों को आर्थिक मदद पहुंचाने के लिए मां-बाप के साथ मिलकर लूटपाट की झूठी साजिश रची।
डीसीपी ग्रामीण विवेक चंद यादव ने बताया कि मामले में दीपिका त्यागी, मेरठ के गंगानगर निवासी उसके पिता योगेंद्र त्यागी, मां सुनीता त्यागी और योगेंद्र के मित्र बागपत के सिंघावली निवासी अकबर को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में दीपिका ने बताया कि उसके मायके में आर्थिक परेशानी चल रही थी। उनकी मदद करने के लिए उसने यह साजिश रची। दीपिक ने संदूक में से पुश्तैनी गहने चोरी करके अपनी मां को दे दिए। इसे लूटपाट दिखाने के लिए योगेंद्र ने अपने साथी अकबर को साजिश में शामिल किया और उसे दीपिका के घर भेजा। अकबर अपने साथी फिरोज को योगेंद्र की दवा खरीदने के लिए साथ ले गया। वहां फिरोज को आभास हुआ कि यहां कुछ गड़बड़ है तो वह भाग गया। इस काम के लिए योगेंद्र ने अकबर को 20 हजार रुपये दिए थे। दीपिका के पति दीपक अकाउंटेंट हैं।
फ्ल्यूड सूंघा, हाथ-पैर बांधे
पुलिस ने बताया कि 10 अप्रैल को दीपिका घर पर अकेली थी। मौके के फायदा उठाकर अकबर के आने से पहले डकैती दिखाने के लिए उसने घर का सामान बिखेर दिया। इसके बाद अकबर घर पहुंचा तो दीपिका ने अपनी देवरानी के कुछ चांदी के सामान व एक मोबाइल दिया, संदूक का ताला खोला और अकबर ने उसके हाथ पैर बांध कर वहां से चला गया। कुछ देर बाद जब दीपिका का देवर मोहित वहां पहुंचा तो दीपिका ने बेहोशी का नाटक किया और घर पर डकैती होना बताया। पुलिस को जांच में पता चला कि दीपिका ने फ्ल्यूड सूंघा था और अकबर से हाथ पैर बंधवाए थे। इसी दौरान योगेंद्र ने अकबर को कॉल कर मौके के हालात के बारे में जानकारी ली थी। तभी योगेंद्र ने अकबर से कहा था वहां से कोई फोन ले लेना और रास्ते में ठिकाने लगा देना। वहीं, दीपिका के पिता का इलाज चल रहा है। ऑपरेशन के लिए दीपिका के ससुरालियों ने उनकी 90 हजार रुपये की मदद की थी।
चोकर के कट्टे में छिपा दिए थे गहने
एसीपी मोदीनगर ज्ञान प्रकाश राय ने बताया कि घर में दीपिका की देवरानी के रखे गहने चोरी करके कपड़े में बांधकर घेर में चोकर के कट्टे में छिपा दिए थे। पूछताछ के बाद पुलिस ने चोकर के कट्टे में से उसकी निशानदेही पर गहने बरामद कर लिए।
बेचे गए गहनों से बहन ने भरी फीस
डेढ़ महीने पहले चोरी किए गए गहने सुनीता ने मेरठ में एक सराफ को तीन लाख रुपये में बेच थे। सराफ से करीब पौने दो लाख रुपये दीपिका की बहन के खाते में ट्रांसफर कराए गए थे। वह बीबीए की पढ़ाई कर रही है। उसने उस रकम में से करीब 70 हजार रुपये फीस में जमा कर दिए।