एनआरएचएम घोटाले के एक मामले में सीबीआई विशेष कोर्ट ने एक डॉक्टर समेत पांच लोगों के खिलाफ सीआरपीसी की धारा-82 के तहत कार्यवाही करने का आदेश दिया है।
सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक बीके सिंह के अनुसार एनआरएचएम घोटाले के एक मामले में सीबीआई पूर्व में ही चार्जशीट कोर्ट में पेश कर चुकी है।
इसमें लखनऊ में तैनात रहे डाक्टर एमसी शर्मा के अलावा प्रशांत सक्सेना, अपर्णा सक्सेना और अरुण कुमार सक्सेना के अलावा एक दवा फर्म को आरोपी बनाया गया है। चार्जशीट पर संज्ञान लिए जाने के बाद विशेष न्यायाधीश पवन कुमार तिवारी ने सभी आरोपियों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए थे।
सभी आरोपियों को सोमवार को कोर्ट में पेश होना था, मगर कोई भी आरोपी पेश नहीं हुआ। इसी के चलते विशेष न्यायाधीश ने सभी आरोपियों के खिलाफ 82 की कार्यवाही किए जाने के आदेश जारी कर दिए।
वरिष्ठ लोक अभियोजक के अनुसार अब सीबीआई आरोपियों के घर, मोहल्ले के साथ ही उनके जनपद के सार्वजनिक इलाकों में 82 की कार्यवाही वाली उद्घोषणा के नोटिस चस्पा करेगी। आरोपियों के घर सीबीआई डुगडुगी बजाने के साथ ही मुनादी भी करा सकती है।
दवा कारोबारी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी
एनआरएचएम घोटाले के ही एक अन्य मामले में सीबीआई विशेष न्यायाधीश पवन कुमार तिवारी ने अमृतसर के एक दवा कारोबारी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए हैं। आरोपी दवा कारोबारी जुगल किशोर मेसर्स जैक्सन लेबोरेट्री के प्रोपराइटर हैं।