शहर के 40 फीसदी लोग राजनगर-कविनगर नहीं बल्कि नंदग्राम और इससे सटे अविकसित क्षेत्रों को स्मार्ट देखना चाहते हैं। स्मार्ट सिटी के लिए एरिया चिह्नित करने के लिए निगम ने वोटिंग शुरू कराई तो गाजियाबाद के लोगों ने पॉश इलाके राजनगर-कविनगर को पीछे छोड़ नंदग्राम क्षेत्र के पक्ष में वोटिंग की।
अब 25 मई तक होने वाली ऑनलाइन वोटिंग में जिस एरिया को ज्यादा वोट मिलेंगे, उसी एरिया को स्मार्ट सिटी प्रपोजल में शामिल किया जाएगा। नगर निगम ने आंशिक नंदग्राम, आदर्श नगर, मरियम नगर, मेरठ रोड औद्योगिक क्षेत्र, पटेल नगर और आंशिक लोहिया नगर को चयनित किया था।
दूसरे विकल्प में राजनगर रेलवे लाइन और एएलटी रोड के बीच राजनगर और कविनगर का एरिया चुना गया है। तीसरे विकल्प के रूप में वसुंधरा रेड लाइट से यूपी गेट तक साइट-4 औद्योगिक क्षेत्र की ओर का एरिया, कौशांबी, महाराजपुर, झंडापुर, सूर्य नगर, ब्रिज विहार, चंद्रनगर, रामप्रस्थ, रामपुरी का एरिया चयनित किया गया है।
इन विकल्पों को केंद्र सरकार की वेबसाइट www.mygov.in पर अपलोड कर वोटिंग कराई जा रही है। पहले विकल्प को 40 फीसदी जनता ने चुना है। बाकी दो विकल्पों के तौर पर चयनित कालोनी वोटिंग के मामले में 27-27 फीसदी वोट पाकर बराबरी पर हैं।
अभी वोटिंग के लिए तीन दिन और बाकी हैं। 25 मई तक होने वाली वोटिंग में सबसे आगे रहने वाले एरिया को ही स्मार्ट सिटी के लिए अंतिम रूप से चयनित कर प्रपोजल में शामिल किया जाएगा।
शहर के 25 हजार लोगों ने दिए स्मार्ट सिटी के लिए सुझाव
स्मार्ट सिटी के लिए जनता से मांगे जा रहे ऑनलाइन सुझाव में भी अब गाजियाबादियों ने दिलचस्पी दिखाई है। अब तक 25 हजार से ज्यादा लोग सुझाव दे चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा सुझाव सफाई, डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन को लेकर आए हैं।
पब्लिक का कहना है कि शहर में सफाई व्यवस्था और बेहतर होनी चाहिए। कूड़ा लिफ्टिंग के बाद एंटी बैक्टीरियल दवा का छिड़काव कराया जाना चाहिए। सड़कों किनारे कूड़ा फेंकने की बजाय डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन किया जाना चाहिए।
एरिया सेलेक्शन के लिए वोटिंग और अन्य समस्याओं के लिए जनसुझाव 25 मई तक ऑनलाइन दिए जा सकते हैं। निर्धारित तारीख के बाद ऑनलाइन वोटिंग बंद हो जाएगी। इसके बाद तय होगा कि किन एरिया और प्रस्तावों को स्मार्ट सिटी प्रपोजल में शामिल किया जाएगा। - एसएस चौहान, सह नोडल अधिकारी, स्मार्ट सिटी मिशन