जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में मौजूद गंगा ढाबा को बंद करने को लेकर एक बार फिर छात्र संघ और जेएनयू प्रशासन आमने-सामने आ गए हैं।
छात्र संघ ने संचालक को मिले नोटिस को ढाबा बंद करने की साजिश करार दिया है। वहीं, जेएनयू प्रशासन का कहना है कि ढाबा एक विरासत जैसा है, इसे बंद करने का कोई आदेश नहीं दिया गया है।
बीते दिनों जेएनयू के एस्टेट मैनेजर की ओर से गंगा ढाबा चलाने वाले संचालक को नोटिस जारी कर दस दिनों में इसे खाली करने को कहा गया है। जेएनयू का कहना है कि वर्तमान में इस ढाबे को चलाने वाले के पास ना तो लाइसेंस है ना ही विश्वविद्यालय का अनापत्ति प्रमाणपत्र।