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बैंकों में बार-बार नकदी जमा कराने वाले रडार पर, सीसीटीवी फुटेज से नजर

Wed, 21 Dec 2016 12:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
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डेमो पिक - फोटो : amarujala
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गत 11 नवंबर से अब तक बैंकों में बार-बार आकर नकदी जमा कराने वाले लोग रडार पर आने वाले हैं। फरीदाबाद, पलवल, गुड़गांव और मेवात समेत प्रदेशभर में संचालित हो रहे सभी सरकारी और निजी बैंक अधिकारियों से 90 दिन तक की सीसीटीवी फुटेज बगैर किसी छेड़छाड़ के संजोकर रखने को कहा गया है।
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  इस फुटेज के जरिये ऐसे लोगों की जांच पड़ताल की जाएगी जो बार-बार बैंक आकर नकदी जमा अथवा निकासी कर रहे हैं। इस बाबत संबंधित बैंक अधिकारियों से भी पूछताछ की जा सकती है।
  नए फरमान के जरिये सरकार यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि बैंक में बार-बार आने वाला व्यक्ति कौन है और उसके बार बार बैंक आने का कारण क्या है। कालेधन को सफेद कराने वालों पर शिकंजा कसने वालों के लिए सरकार का ये नया फरमान परेशानी पैदा करने वाला है।
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  इस मामले में बैंक मैनेजरों की कार्यप्रणाली की भी जांच होगी। सरकार को आशंका है कि कुछ ऐसे लोग भी हैं, जिन्होंने कई बार बैंक शाखाओं में जाकर अधिकारियों से सांठगांठ करके अपने कालेधन को सफेद किया है।   90 दिन तक संजोकर रखी जाने वाली सीसीटीवी फुटेज में ऐसे चेहरों की पहचान की जाएगी। नाम न छापने की शर्त पर बैंक अधिकारियों ने बताया कि उन्हें 90 दिनों तक सीसीटीवी फुटेज को रखने के लिए कहा गया है। ज्यादातर बैंक शाखाएं इस निर्देश का पालन कर रही हैं।
  फुटेज से छेड़छाड़ करने वाले बैंक अफसरों के खिलाफ कार्रवाई संभव
  फरीदाबाद जिले की बात करें तो यहां जिलेभर में 298 शाखाएं हैं। सभी बैंकों में सीसीटीवी फुटेज लगाए गए हैं। सरकार के निर्देश के मुताबिक यदि किसी बैंक अधिकारी ने 11 नवंबर से अब तक के सीसीटीवी फुटेज में छेड़छाड़ की होगी अथवा फुटेज को खराब करने की कोशिश की होगी तो ऐसे बैंक अफसरों के खिलाफ शिकंजा भी कसा जा सकता है।   खुफिया एजेंसियों की मानें तो यहां के भी कई बैंक शाखा के अधिकारियों ने नोटबंदी के मामले में खेल किया है। उनकी रिपोर्ट पहले ही भेजी जा चुकी है। सूत्रों की मानें तो कई बैंक अधिकारियों ने अपने चहेतों को लाभ पहुंचाने में योगदान दिया है। यही कारण है कि लोग लाइन में लगे रहते थे और चहेतों को नकदी देकर सामान्य ग्राहकों को कैश खत्म होने का बहाना बना दिया जाता था।
  31 दिसंबर के बाद होगी जांच:
बैंक सूत्रों के मुताबिक आगामी 31 दिसंबर के बार सभी बैंक शाखाओं के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा सकता है। पहली प्राथमिकता 1000 और 500 के पुराने नोटों की जमा पर है। साथ ही अब 5000 रुपये से अधिक राशि जमा कराना असंभव है। यानी 31 दिसंबर तक अब सिर्फ एक बार ही जमा करा सकेंगे।
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