दिल्ली सरकार द्वारा जब से महिलाओं के लिए मेट्रो और डीटीसी व क्लस्टर बसों में मुफ्त सफर का एलान किया है तब से उनके विपक्षी इस योजना का तो नहीं लेकिन केजरीवाल सरकार की मंशा का पुरजोर विरोध कर रहे हैं। कांग्रेस और भाजपा दोनों ने इसे केजरीवाल सरकार की राजनीतिक मंशा के चलते उठाया गया कदम कहा है।
आज केंद्रीय शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने तो केजरीवाल के लिए ब्रोकन विंडो फ्रॉड टर्म तक का इस्तेमाल कर दिया। उन्होंने कहा कि यह योजना जरूर अच्छी है लेकिन जिस तरह से केजरीवाल सरकार इसे लागू करना चाहती है उससे उनकी मंशा जाहिर होती है। उनका कहना है कि यह छलावा है।
हरदीप सिंह पुरी से जब इस बारे में पूछा गया तो वह बोले दिल्ली में बस नहीं है, केजरीवाल से इस बारे में पूछा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि संसद में मैंने खुद कहा है कि वरिष्ठ नागरिकों और छात्रों को सुविधा मिलनी चाहिए और इसके लिए मैंने तकनीक तैयार करने को कहा है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का 50,000 करोड़ रुपये का बजट है और यह स्वच्छता अभियान पूरा नहीं कर रहे, आयुष्मान भारत लागू नहीं किया, दूसरी कई स्कीम है, जिसे पूरा नहीं किया। अब ये 2000-2500 हजार करोड़ की सब्सिडी देने की बात कर रहे हैं। ऐलान भी कर दिया मुफ्त सफर का, लेकिन अभी तक कोई प्रपोजल तैयार नहीं किया है।
बता दें कि दिल्ली सरकार ने कहा था कि उन्होंने केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजे हैं, इसी पर आज पुरी ने कहा कि उन्हें या डीएमआरसी को कोई प्रस्ताव नहीं मिला है।