अब तक हुए लोकसभा चुनावों में पंजाबी समाज को प्रतिनिधित्व न मिलने का आरोप लगाते हुए शहर के कई पंजाबी नेताओं ने इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) का समर्थन करने का निर्णय लिया है।
भजनलाल सरकार में प्रदेश के गृहमंत्री रहे सुभाष बत्रा के नेतृत्व में बुधवार को नीलम-बाटा रोड स्थित एक होटल में पंजाबी नेताओं ने इस बात की घोषणा की। इसमें जिला कांग्रेस के महासचिव तिलकराज शर्मा भी शामिल हैं।
इसके अलावा पंजाबी समाज के नेता आईजे कालिया एवं हरिश्चंद्र आजाद ने भी पंजाबी प्रत्याशी उतारने के कारण इनेलो का समर्थन करने की घोषणा की। इस मौके पर इनेलो के शहरी जिलाध्यक्ष आरके चिलाना, पार्टी नेता जोध सिंह वालिया एवं अनिल भाटिया सहित कई लोग मौजूद रहे।
बत्रा ने कहा कि फरीदाबाद लोकसभा सीट पर इनेलो ने एडवोकेट आरके आनंद को प्रत्याशी बनाया है। वह यहां से एकमात्र पंजाबी प्रत्याशी हैं इसलिए समाज के लोगों ने उन्हें समर्थन करने का निर्णय लिया है। उन्होंने जल्द ही समाज के अन्य बड़े नेताओं को भी एक मंच पर लाने का दावा किया। लेकिन इनेलो के शासन में व्यापारियों, उद्यमियों को हुई परेशानी के सवाल का कोई जवाब नहीं दिया।
बत्रा ने कहा कि लोकसभा चुनावों के बाद भारतीय जनता पार्टी अपनी गलती सुधारने के लिए इनेलो के दरवाजे पर जाएगी। दोनों पार्टियों का गठबंधन होगा और प्रदेश से भी कांग्रेस का सूपड़ा साफ हो जाएगा।
इस मौके पर कांग्रेस का हाथ छोड़कर इनेलो के चश्मे का समर्थन करने वाले तिलकराज शर्मा ने कहा कि पंजाबियों को प्रतिनिधित्व देने का मुद्दा बड़ा है। कांग्रेस में किसी कार्यकर्ता की बात नहीं सुनी जा रही है। इसलिए भी लोग कांग्रेस के पक्ष में नहीं हैं।