दमकल विभाग ने यह किए इंतजाम
दमकल विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गर्मी बढ़ने के बाद दिल्ली की तीनों लैंडफिल साइट पर आग लगने की घटनाएं बढ़ जाती हैं। ऐसे में वहां आसपास के दमकल केंद्रों को अधिक सतर्कता बरतने के लिए कहा गया है। गाजीपुर लैंडफिल साइट के लिए दल्लूपुरा दमकल केंद्र, भलस्वा के लिए जहांगीरपुरी दमकल केंद्र और ओखला लैंडफिल साइट पर ओखला फेज-1 के दमकल केंद्रों पर गाड़ियां 24 घंटे तैनात रहती हैं। इनको किसी भी समय आग से निपटने के लिए कहा गया है।
गाजीपुर साइट पर 32 ट्रॉमेल मशीनें लगाईं
एमसीडी के अधिकारियों के मुताबिक, गाजीपुर लैंडफिल साइट पर 32 ट्रॉमेल मशीनें कूड़े की छंटाई के लिए लगाई गई हैं। एनजीटी का आदेश है कि कूड़े के ढेर की ऊंचाई कम करनी है, इसलिए जेसीबी मशीनों की सहायता से कूड़े को तेजी से धरातल की ओर फैलाया जा रहा है। संसाधित अपशिष्ट को ट्रकों में लोड करके यहां से लेकर जाने का काम भी तेज किया गया है।
मेयर ने किया लैंडफिल साइट का दौरा
मेयर डॉ. शैली ओबरॉय ने निगम अधिकारियों के साथ सुबह गाजीपुर लैंडफिल साइट का दौरा किया। उन्होंने अधिकारियों से स्थिति का जायजा लिया और बाद में कहा कि आग से जानमाल का नुकसान नहीं हुआ है, वे आसपास में रहने वाले लोगों के संपर्क में हैं। अधिकारियों को तेजी से कूड़े को संसाधित करने का निर्देश भी दिया।
गोपाल राय ने 48 घंटे में मांगी रिपोर्ट
पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने पर्यावरण व वन विभाग के प्रधान सचिव से गाजीपुर लैंडफिल साइट पर आग लगने की घटना की पूरी रिपोर्ट 48 घंटे के भीतर देने के लिए कहा है। आग लगने का कारण और आग लगने के बाद इसे काबू करने के लिए विभिन्न एजेंसियों की ओर से किए गए उपाय की विस्तृत जानकारी मांगी है। लैंडफिल साइट का दौरा करने के दौरान उन्होंने पिछले साल में लगी आग को संज्ञान में लेते हुए अधिकारियों को फिर से आग न लगे इसके लिए कई गाइडलाइंस का पालन करने का निर्देश दिया था। उन्होंने रिपोर्ट में ये भी बताने के लिए कहा है कि इस साल आग न लगे इसके लिए हाल के दिनों में कौन सी गाइडलाइन अपनाई गई।