दिल्ली पुलिस में हेडकांस्टेबल पापा की वर्दी पहनकर दोस्तों के साथ ऑटो चालकों से उगाही करने वाले बीकॉम स्टूडेंट को विजयनगर पुलिस ने धर दबोचा।
पुलिस ने उनके कब्जे से दिल्ली पुलिस के हेडकांस्टेबल की वर्दी, वायरलेस सेट, 500 रुपये और सरकारी बाइक बरामद की है। हेडकांस्टेबल का बेटा सीसीएस और उसका दोस्त डीयू से बीकॉम कर रहे हैं।
साथ ही दोनों सीए की तैयारी भी कर रहे थे। इनका तीसरा साथी खेती करता है। आरोपी ने बताया कि उसके पिता बालाजी गए हुए हैं। वह तो पापा की वर्दी पहनकर सिर्फ घूमने निकला था। पुलिस ने झूठा फंसा दिया।
इस तरह रंगे हाथों पकड़ा गाय वर्दी में बेटा
एसओ हरिदयाल यादव ने बताया कि राहुल विहार निवासी निखिल के पिता रामलाल दिल्ली ट्रैफिक पुलिस में हेडकांस्टेबल हैं और वर्तमान में सीमापुरी क्षेत्र में तैनात हैं।
उसके दो अन्य साथी विकास और सनी हैं। विकास गुलधर और सनी भीमनगर का रहने वाला है। एसओ ने बताया कि बृहस्पतिवार रात को सूचना मिली थी कि एक पुलिसकर्मी लोको शेड तिराहे के पास आटो चालकों से उगाही कर रहे हैं।
पुलिस जब वहां पहुंची तो देखा कि ऑटो के कागज न मिलने पर दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की वर्दी पहने निखिल अपने साथियों विकास और सनी के साथ उनसे एक हजार रुपये की डिमांड कर रहे थे।
पकड़ा गया तो बोला पापा की वर्दी पहन सैर पर निकला है
निखिल के पास अपने पापा का वायरलेस सेट और उनकी सरकारी बाइक भी थी। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगे, मगर उन्हें दबोच लिया गया।
उधर निखिल का कहना है कि उसके पिता बालाजी गए हुए थे। इसी के चलते वह उनकी वर्दी पहनकर सरकारी बाइक पर दोस्तों के साथ घूमने के लिए सम्राट चौक आया था।
आरोप है कि गुडवर्क दिखाने को पुलिस ने अनावश्यक ही उन्हें झूठे केस में फंसा दिया।