ओलावृष्टि से नष्ट हुई फसलों का मुआवजा मिलने की बांट जोह रहे इलाके के किसानों को अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के आश्वासन के बावजूद नहीं मिलने से नाराज इलाके के किसानों ने एक बार फिर बिरहेड़ा मोड पर एक पंचायत का आयोजन किया गया।
इस पंचायत की अध्यक्षता वयोवृद्ध किसान नेता पंडित नित्यानंद ने की। नित्यानंद की इजाजत लेकर अनेक वक्ताओं ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
पं. नित्यानंद ने कहा कि जो सरकार किसान और मजदूरों के हितों की अनदेखी करती है। उसको गभीर परिणाम भुगतने पड़ते है। देश का किसान-मजदूर यदि सरकार बनाना जानता है, तो सरकार को चलता करना भी जानता है।
पिछले चार माह से इलाके के किसान अपने हक की लड़ाई के लिए धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। किसानों ने कहा कि सरकार मुआवजा दे अन्यथा 29 अक्तूबर को बिरहेड़ा मोड पर इकट्ठा होकर किसान पद यात्रा कर जिला उपायुक्त कार्यालय गुड़गांव पहुंचकर धरना प्रदर्शन करेंगे। वहां पर जिला उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा जाएगा।