2.20 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया, ओल्ड फरीदाबाद चुंगी के पास पुलिस ने पकड़ा था आरोपी
संवाद न्यूज एजेंसी
बल्लभगढ़। प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शनों की तस्करी के मामले में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश पुरुषोत्तम कुमार की अदालत ने आरोपी युवक को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 2 लाख 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। करीब साढ़े पांच वर्ष तक चली सुनवाई के बाद बुधवार को अदालत ने यह फैसला सुनाया।
23 जनवरी 2021 को अपराध शाखा सेक्टर-85 में तैनात सब-इंस्पेक्टर सुरेंद्र को सूचना मिली थी कि एक युवक ओल्ड फरीदाबाद चुंगी के पास प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन बेचने के लिए आने वाला है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर नाकेबंदी कर दी।
कुछ समय बाद पुलिस को खेड़ी पुल की तरफ से एक संदिग्ध युवक आता दिखाई दिया। पुलिस ने उसे रोककर पूछताछ की तो उसकी पहचान बसेलवा कॉलोनी निवासी कुलदीप के रूप में हुई। पुलिस ने नियमानुसार कार्रवाई करते हुए ड्यूटी मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार की मौजूदगी में आरोपी की तलाशी ली।
तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 70 प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शन बरामद किए गए। इसके बाद ओल्ड फरीदाबाद थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था।
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत के सामने पुलिस कार्रवाई, बरामदगी और अन्य साक्ष्यों को प्रस्तुत किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने आरोपी कुलदीप को प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की तस्करी का दोषी माना और उसे 10 साल की कैद तथा 2.20 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।