- मेवला महाराजपुर के पास प्रदर्शन कर प्रबंधन पर लगाए गंभीर आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। कंपनी से निकाले जाने के विरोध में महिलाओं ने मेवला महाराजपुर के पास प्रदर्शन किया। प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने आरोप लगाया कि वे मित्रा कंपनी में हेल्पर के तौर पर काम कर रही थीं, लेकिन कंपनी प्रबंधन की ओर से उन्हें एक-एक करके नौकरी से हटाया जा रहा है। महिलाओं का कहना है कि नौकरी से हटाने के लिए मेकअप और बिंदी लगाने का कारण बताया जा रहा है।
कर्मचारियों के अनुसार, कंपनी प्रबंधन का कहना है कि काम के दौरान मेकअप और बिंदी लगाने की अनुमति नहीं है। हालांकि, महिलाओं ने आरोप लगाया कि वे न तो बिंदी लगाकर कंपनी जाती हैं और न ही मेकअप करके काम पर आती हैं। इसके बावजूद उन्हें जबरन नौकरी से हटाया जा रहा है।
कर्मचारी मनीता ने आरोप लगाया कि सभी कर्मचारियों को धीरे-धीरे हटाया जा रहा है। प्रबंधन की ओर से कर्मचारियों की संख्या कम करने की बात कही जाती है, जबकि नौकरी से निकालने के लिए मेकअप और बिंदी को बहाना बनाया जा रहा है। उनका कहना है कि अचानक नौकरी जाने से परिवार का खर्च चलाना मुश्किल हो जाएगा।
एक अन्य कर्मचारी सुनीता ने आरोप लगाया कि जब महिलाएं श्रम कानूनों और अपने अधिकारों की बात करती हैं तो उनसे कहा जाता है कि अगर वे इतनी पढ़ी-लिखी हैं तो हेल्पर का काम क्यों कर रही हैं। महिलाओं ने एचआर सचिन पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने का आरोप भी लगाया।
प्रदर्शन के दौरान गर्मी के कारण एक महिला कर्मचारी की तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई। साथी कर्मचारियों ने उसे संभाला। महिलाओं ने कंपनी प्रबंधन से नौकरी से हटाने की कार्रवाई रोकने और पूरे मामले की जांच कराने की मांग की। कंपनी के एडमिनिस्ट्रेशन विभाग ने बताया कि कर्मचारियों ने लड़कियों के बाल प्रोडक्ट में आ रहे थे, इससे लड़कियां मान नहीं रही हैं। यही कारण है कि उन्हें हटाया जा रहा है।
जेसीबी कंपनी के बाहर भी हुआ प्रदर्शन
सेक्टर 58 स्थित जेसीबी कंपनी के बाहर भी बृहस्पतिवार को प्रदर्शन देखने को मिला। कर्मचारियों ने बताया कि उन्होंने दो दिन पहले प्रदर्शन किया था, पर तब कंपनी प्रबंधन ने दो दिन का समय मांगा था। दो दिन बाद भी कोई समाधान नहीं हुआ है, इसके कारण वापस से हमें सड़क पर लौटना पड़ा है। बता दें कि 37 कर्मचारियों को करीब 1 साल पहले कंपनी से निकाला गया था, इनमें से 11 को वापस ले लिया गया था, पर अन्य को अभी भी अपनी वापसी का इंतजार है।
- गौरव मिश्रा