फरीदाबाद। महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से हिंसा से पीड़ित महिलाओं के लिए वन स्टॉप सेंटर चलाया जा रहा है। जिसमें महिला हेल्पलाइन 181 के साथ हिंसा से प्रभावित महिलाओं को 24 घंटे आवश्यक सहायता प्रदान की जा रही है। डीसी यशपाल ने बताया कि सेंटर पर पीड़ित महिलाओं को पूरी मदद उपलब्ध कराई जा रही है। साल 2016 से जून 2021 तक कुल 1182 मामले सामने आए हैं।
वन स्टॉप सेंटर बीके अस्पताल में चलाया जा रहा है। वन स्टॉप सेंटर (सखी) के अंतर्गत सभी प्रकार की हिंसा से पीड़ित महिलाओं एवं बालिकाओं को एक ही स्थान पर सेवाएं निशुल्क प्रदान की जाती हैं। इनमें प्रभावित महिलाओं को कानूनी सहायता और परामर्श प्रदान किया जा रहा है। पुलिस सहायता, एफआईआर व डीआईआर दर्ज करने की सुविधा प्रदान की जा रही है। पीड़िता को प्राथमिक उपचार व मनोवैज्ञानिक परामर्श सेवाएं भी उपलब्ध कराई जा रही है।
वन स्टाप सेंटर की प्रशासिका मीनू देवी ने बताया कि सेंटर में वर्ष 2016 से जून 2021 तक कुल शिकायतें 1182 आई हैं। इनमें घरेलू हिंसा से संबंधित 393, दुष्कर्म से संबंधित 38, शारीरिक शोषण से संबंधित 60, एसिड अटैक का एक, महिला तस्करी के दो, बाल यौन शोषण के 39, गुमशुदा/किडनैपिंग के 166, साइबर क्राइम के 31 व दहेज उत्पीड़न के आठ सहित अन्य 391 केस आए हैं। उन्होंने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य परिवार के भीतर या कार्यस्थल या समुदाय के भीतर, निजी या सार्वजनिक स्थानों पर होने वाली हिंसा से प्रभावित महिलाओं का समर्थन करना है। विशेष रूप से उन महिलाओं के लिए जो अपनी जाति, पंथ, नस्ल, वर्ग, शिक्षा की स्थिति, उम्र, संस्कृति या वैवाहिक स्थिति के बावजूद यौन, शारीरिक, मनोवैज्ञानिक, भावनात्मक और आर्थिक शोषण का सामना करती हैं।