आयुष्मान आरोग्य मंदिर में गंदगी और अव्यवस्था, टूटा गेट बना परेशानी का कारण
प्रतिदिन जांच कराने आती हैं 45 से 50 महिलाएं
गंदगी से बदहाल आयुष्मान आरोग्य मंदिर परिसर
परिसर के अंदर वाहन खड़ा करते हैं बाहरी लोग
डॉक्टर ने कहा गंदगी के लिए आस-पास के लोग जिम्मेदार
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। एसी नगर स्थित आयुष्मान आरोग्य मंदिर के बाहर और भीतर अव्यवस्था का माहौल बना हुआ है। आसपास के लोग परिसर में अपनी गाड़ियां खड़ी कर देते हैं और गेट के सामने कूड़ा फेंकते हैं, जिससे परिसर में गंदगी फैल रही है। इलाज व रूटीन के लिए यहां पर 45 से 50 गर्भवती महिलाएं रोजाना आती हैं।
आरोग्य मंदिर में इलाज के लिए आने वाली गर्भवती महिलाओं ने बताया कि यहां उन्हें नियमित जांच, दवाएं और जरूरी इंजेक्शन समय पर मिल जाते हैं। उन्होंने कहा कि आरोग्य मंदिर की स्वास्थ्य सुविधाएं और डॉक्टरों का व्यवहार संतोषजनक है।
एसी नगर की रहने वाली अनीता पिछले पांच महीने से गर्भवती हैं। वह नियमित तौर पर यहां डॉक्टर को दिखाने और परामर्श लेने आती रहती हैं। उन्होंने बताया कि यहां पर उन्हें जरूरी जांच व दवाएं मिल जाती हैं। हालांकि कभी-कभी ऐसा होता है कि कुछ दवाएं उपलब्ध नहीं होती जिसकी वजह से उन्हें बाहर से दवाएं लेनी पड़ती है।
वहीं बाटा चौक की रहने वाली कविता यादव ने बताया कि यहां के कर्मचारियों का बर्ताव काफी अच्छा है। उन्होंने कहा कि यहां परिसर के बाहर और अंदर गंदगी की समस्या बनी रहती है। गेट के सामने कूड़ा पड़े रहने से आवारा पशु गेट के सामने ही बैठे रहते हैं जिसकी वजह से आने-जाने में समस्या होती है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर एसी नगर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ दीपक चोपड़ा ने बताया कि लोगों ने आरोग्य मंदिर के परिसर को पब्लिक पार्किंग बना दिया है। उन्होंने कहा कि मंदिर का मुख्य गेट टूटा हुआ है, जिससे इसे बंद नहीं किया जा सकता। इस कारण कोई भी व्यक्ति आसानी से अंदर वाहन खड़ा कर देता है। डॉ. चोपड़ा ने बताया कि इन समस्याओं की शिकायत फरीदाबाद नगर निगम के कमिश्नर से की जा चुकी है और उन्होंने शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया है।
बावजूद इसके, परिसर की गंदगी और टूटा गेट व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है। स्वास्थ्यकर्मी चाहते हैं कि नगर निगम जल्द सफाई और गेट की मरम्मत कराए ताकि परिसर में स्वच्छता और अनुशासन बना रहे।