पानी की किल्लत को कम करने के लिए सिंचाई विभाग ने बड़ा कदम उठाया
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। जिले के ग्रामीण और शहर से सटे इलाकों में हर साल गर्मी के साथ बढ़ने वाली पानी की किल्लत को कम करने के लिए सिंचाई विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। यमुना वाटर सर्विसेज सर्कल के तहत जिले के चार प्रमुख पंप हाउसों को आधुनिक बनाने के लिए परियोजना तैयार की गई है। इस योजना के तहत नए पंप, मोटर और कंट्रोल सिस्टम लगाए जाएंगे, जिससे सिंचाई व्यवस्था मजबूत होने के साथ पेयजल आपूर्ति पर भी सीधा असर पड़ेगा।
सिंचाई विभाग ने हिंगापुरा, रायपुर, गुलाल्टा और चंदाकी स्थित पंप हाउसों को इस परियोजना के लिए चिह्नित किया है। यहां पांच नए वर्टिकल टर्बाइन पंप लगाए जाएंगे, जिनकी क्षमता 5 क्यूसेक रखी गई है। इन पंपों को चलाने के लिए 30 हॉर्स पावर की मोटरें और आधुनिक स्टार-डेल्टा स्टार्टर पैनल लगाए जाएंगे जिससे कम वोल्टेज की स्थिति में भी पंप सुचारू रूप से चल सकेंगे। विभाग के अनुसार नई तकनीक से बिजली की बचत भी होगी और पुराने उपकरणों के कारण बार-बार रुकने वाली सप्लाई की समस्या खत्म होगी।
120 दिन में काम पूरा करने का लक्ष्य
परियोजना को 120 दिनों के भीतर काम पूरा करने का लक्ष्य तय किया गया है। इसमें पंप और मोटर लगाने के साथ-साथ केबल, अर्थिंग सिस्टम और डिलीवरी पाइप लाइन भी नई बिछाई जाएंगी। कंट्रोल पैनल को डस्ट-प्रूफ और वर्मिन-प्रूफ बनाया जाएगा ताकि धूल, नमी या कीड़ों के कारण मशीनें खराब न हों। एंटी-कंडेंसेशन सिस्टम भी लगाया जाएगा जिससे बरसात और नमी के मौसम में पंप बंद न पड़ें।
लंबे समय से उठ रही थी मांग
ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों और स्थानीय लोगों की ओर से लंबे समय से पंप हाउसों को अपग्रेड करने की मांग उठाई जा रही थी। हर साल गर्मी के मौसम में पानी की कमी को लेकर शिकायतें बढ़ जाती थीं। विभाग का मानना है कि यह परियोजना पूरी होने के बाद जिले के कई हिस्सों में पानी की समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी।
लोगों की सुविधा के लिए विभाग लगातार काम कर रहा है। जल्द इस परियोजना का काम भी पूरा कर लिया जाएगा। - गौरव लांबा, कार्यकारी अभियंता