फरीदाबाद। खोरी गांव में नगर निगम की तोड़फोड़ कार्रवाई लगातार जारी है। मंगलवार को गड्डा कॉलोनी के निचले क्षेत्र में व दिल्ली तीन नंबर चुंगी के पास हरियाणा क्षेत्र में आने वाले घरों पर निगम का बुलडोजर चला। यहां दस्ते ने करीब 400 मकानों को ध्वस्त कर दिया। अब तक हुई कार्रवाई में करीब 97 फीसदी मकान तोड़े जा चुके है। कुछ हिस्सा बचा है। इस पर बुधवार को कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद अवैध फार्म हाउसों पर कार्रवाई की जाएगी।
दूसरी ओर, तोड़फोड़ कार्रवाई का लोगों ने विरोध प्रदर्शन भी किया, जिसे पुलिस ने खदेड़ दिया। सुप्रीम कोर्ट ने सात जून को आदेश जारी कर नगर निगम और हरियाणा सरकार को लकड़पुर गांव की राजस्व संपदा पर बसे खोरी गांव में तोड़फोड़ करने के आदेश जारी किए थे। कोर्ट का आदेश है कि जंगल की जमीन को फिर से जंगल बनाया जाए। इसके साथ ही बेघर होने वाले घरों के लिए पुनर्वास योजना लाई जाए। कोर्ट के आदेशों का पालन करते हुए नगर निगम द्वारा लगातार तोड़फोड़ की जा रही है।
मंगलवार अल सुबह एक बार फिर पुलिस ने दिल्ली लालकुआं चुंगी नंबर तीन के क्षेत्र को सील कर दिया। घरों में पुलिस की तैनाती कर दी गई। जैसे ही गांव में निगम का तोड़फोड़ दस्ता पहुंचा, लोगों ने विरोध जताना शुरू कर दिया। विरोध के बीच निगम ने कार्रवाई जारी रखी। करीब पांच घंटे चली कार्रवाई के दौरान 400 घरों को तोड़ दिया गया। वहीं, अब खोरी गांव में तोड़फोड़ के बाद प्रशासन अवैध फार्म हाउसों पर कार्रवाई करेगा। इसके लिए नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
टीम ने अंतिम दिनों में निचले इलाके को चुना
नगर निगम की टीम ने खोरी में तोड़फोड़ कार्रवाई को लेकर सबसे पहले ऊपरी क्षेत्र पर बने अवैध निर्माण को हटाया। इसके बाद निचले क्षेत्र में तोड़फोड़ कार्रवाई की गई। खोरी स्थित गड्डा कॉलोनी में करीब चार सौ मकान कार्रवाई से बचे हुए थे। इसके साथ दिल्ली सीमा से लगते कुछ घर हैं। मंगलवार को इन दोनों क्षेत्रों में निगम का बुलडोजर चला।
मलबा बेचने में लगे लोग
अपने आशियाने टूट जाने के बाद लोग दूसरी जगह किराये के मकानों में चले गए। वहीं, कई लोग अभी भी अपने टूटे घरों की जगह पर बैठे हुए हैं। मंगलवार को कई लोग मकानों के मलबे को बेचते दिखे। वहीं, कुछ लोग मलबे में दबे घर की चौखट, गार्टर को निकालने लगे। लोगों ने अपने मलबे को कबाड़ियों को बेचा। यहां लोगों की मजबूरी का फायदा कबाड़ी भी खूब उठा रहे हैं। लोगों का आरोप है कि औने-पौने दामों में उनके सामान को लिया जा रहा है।
नगर निगम की तोड़फोड़ कार्रवाई लगभग पूरी हो गई है। कुछ मकान बचे हैं। इन्हें बुधवार तक तोड़ दिया जाएगा। अब तक करीब 97 फीसदी अवैध निर्माण हटा दिए गए हैं।
- यशपाल यादव, आयुक्त नगर निगम