अदालत में पेश कर 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा जेल
संवाद न्यूज एजेंसी
बल्लभगढ़। पुलिस ने उद्योगपतियों को विदेश में बैठे गैंगस्टरों के नाम पर धमकी दिलवाने वाले गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) दिल्ली में तैनात सब-इंस्पेक्टर सिकंदर को गिरफ्तार किया है। सिकंदर फरीदाबाद के मोठूका नगला छांयसा गांव का निवासी है ।
पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि फरीदाबाद के कई उद्योगपतियों को विदेश में सक्रिय गैंगस्टरों के नाम पर धमकी भरे कॉल और संदेश भेजे जा रहे थे। मामले की गहन जांच के दौरान पुलिस ने सिकंदर की भूमिका सामने आने पर उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
इस मामले में यह दूसरी बड़ी गिरफ्तारी है। 13 जून को क्राइम ब्रांच 30 की टीम सेक्टर-9 निवासी दीपक गोयल को भी उद्योगपतियों को धमकी दिलवाने के आरोप में गिरफ्तार कर चुकी है। हालांकि बाद में दीपक गोयल को अदालत से जमानत मिल गई थी।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार अब तक जिले के करीब 8 से 10 उद्योगपतियों को इस तरह की धमकियां दी जा चुकी हैं। जांच एजेंसियां पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं और यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि धमकी देने के पीछे कौन-कौन लोग शामिल थे तथा इसका संचालन किस प्रकार किया जा रहा था।
पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि मामले की जांच जारी है। उन्होंने कहा कि इस साजिश में शामिल अन्य लोगों की पहचान और भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है तथा जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
एक साल से धमकियां दिला रहा था सब इंस्पेक्टर
सब इंस्पेक्टर सिकंदर आईबी (इंटेलिजेंस ब्यूरो) दिल्ली में कार्यरत है। आरोपी साल भर से उद्यमियों को गैंगस्टर से धमकियां दिलवाने का काम कर रहा था। गैंगस्टर जो भी रंगदारी उद्यमियों से वसूलते थे उसमें से कुछ हिस्सा सिकंदर को भी मिलता था। उद्यमियों को धमकी भरे फोन आने के मामले में ही पुलिस ने इससे पहले दीपक गोयल नाम के आरोपी को सेक्टर-9 से गिरफ्तार किया था। वह भी उद्यमी है। दीपक के पास सभी उद्यमियों के पर्सनल नंबर थे। इसलिए वह आसानी से सिकंदर को उद्यमियों के नंबर उपलब्ध करा देता था। बताया जा रहा है कि 13 जून को जब पुलिस आरोपी दीपक को पकड़ने उसके घर गई तो वह बचने के लिए छत से कूद गया था। जिससे उसके दोनों पैर में फ्रैक्चर हो गया। जिसके आधार कोर्ट ने उसे जमानत दे दी। अदालत ने क्राइम ब्रांच से कहा था कि वह घर पर ही आरोपी से पूछताछ कर ले। पूछताछ के बाद पुलिस टीम सब इंस्पेक्टर सिकंदर तक पहुंची। जानकारी के अनुसार उद्यमियों को दुबई व सिंगापुर से कॉल आती थी।