पुलिस ने पूर्व विधायक सहित कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। एनआईटी क्षेत्र में मिलीभगत करके एक ही प्रॉपर्टी की दो बार रजिस्ट्री कर दी गई। पूर्व वायु सैनिक और वकील रोहित अरोड़ा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि जून 2024 में सतबीर भडाना और लोकेश कुमार ने मनोज सतीजा के माध्यम से उन्हें एनआइटी एक एच ब्लाक में एक मकान दिखाया। काजल वर्मा को मालिक बताते हुए 50 लाख रुपये में सौदा तय किया गया। उन्होंने जून 2024 में मकान 50 लाख रुपये में खरीदा था। इसकी एवज में उन्होंने पूरी पेमेंट देकर 13 जून 2024 को बाकायदा तहसील में रजिस्ट्री भी करवा ली थी। आरोप है कि इसके बावजूद आरोपियों ने साजिश रचकर उसी प्रॉपर्टी की दूसरी रजिस्ट्री 20 नवंबर 2024 को सोनम तलवार के नाम करा दी।
रोहित अरोड़ा का आरोप है कि इस खेल में पूर्व विधायक चंदर भाटिया और उनके करीबियों ने अपने रसूख का इस्तेमाल किया। शिकायत के मुताबिक आरोपियों ने पहले प्रार्थी के खिलाफ झूठी शिकायत दर्ज कराई और फिर दबाव बनाकर राजीनामा करने के नाम पर उनसे 36 लाख रुपये अतिरिक्त ठग लिए। आरोपियों ने भरोसा दिलाया था कि वे दूसरी रजिस्ट्री रद्द करा देंगे लेकिन ऐसा नहीं किया गया। ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने पुलिस आयुक्त से न्याय की गुहार लगाई।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए काजल वर्मा, लोकेश कुमार, सतबीर भडाना, तहसीलदार बड़खल और पूर्व विधायक चंदर भाटिया सहित अन्य के खिलाफ षडयंत्र रचने और धोखाधड़ी करने की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। कोतवाली थाना पुलिस अब दस्तावेजों की जांच कर रही है कि आखिर पहली रजिस्ट्री होने के बावजूद उसी प्रॉपर्टी की दूसरी रजिस्ट्री कैसे संभव हुई। पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।