ऑनलाइन ठगी के अलग-अलग तरीकों से बनाया शिकार
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। जिले में साइबर ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ठगों ने कभी कस्टमर केयर अधिकारी बनकर, परिचित बनकर और कभी मोबाइल कनेक्टिविटी व आरटीओ चालान के नाम पर फाइल भेजकर लोगों को अपना शिकार बनाया।
छह मामलों में पीड़ितों से करीब 8.28 लाख रुपये की ठगी सामने आई है। शिकायतों के आधार पर साइबर थाना बल्लभगढ़, साइबर थाना सेंट्रल फरीदाबाद और अन्य थानों में केस दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने बैंक खातों और लेनदेन की जांच शुरू कर दी है। सेक्टर-76 स्थित पाम रेजीडेंसी निवासी काथरीन हाईफील्ड ने शिकायत में बताया कि वह ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी का शिकार हुई हैं। अज्ञात व्यक्ति ने ऑनलाइन धमकी और डर का माहौल बनाकर उनसे लाख 3 रुपये ट्रांसफर करवाए। सेक्टर-8 निवासी एनसी अग्रवाल के साथ 8 सितंबर को ठगी हुई। उनके पास दोपहर करीब 2:15 बजे फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को मोबाइल कनेक्टिविटी से जुड़ा कर्मचारी बताया और शिकायत के समाधान के लिए एक रुपये फीस जमा करने की बात कही। पीड़ित के अनुसार उसके खाते से 1.15 लाख रुपये निकल गए।
किडावली निवासी पूनम ने शिकायत में बताया कि 20 जुलाई को पड़ोसी दिलावर उसके पास प्रिंस त्यागी और हन्नी नाम के दो युवकों को लेकर आया। प्रिंस ने पत्नी के बीमार होने और अस्पताल में भर्ती कराने के लिए तीन लाख रुपये की जरूरत बताई। विश्वास में आकर पूनम ने 20 जुलाई को 10 हजार रुपये फोनपे से प्रिंस के नंबर पर भेजे। बदले में प्रिंस ने आई-20 कार गिरवी रखी। इसके बाद 21 जुलाई को 95 हजार और 22 जुलाई को 50 हजार रुपये और फोनपे किए गए। प्रिंस ने आई-20 वापस लेकर उसके स्थान पर क्रेटा कार छोड़ दी। आरोप है कि एक-दो दिन बाद प्रिंस रात के समय दूसरी चाबी से क्रेटा भी लेकर चला गया। इस तरह पूनम के अनुसार उससे कुल 2.35 लाख रुपये ले लिए गए। आईएमटी सेक्टर-69 में रहने वाले प्रमोद शुक्ला के साथ 14 अगस्त को ठगी हुई। प्रमोद के अनुसार उनके मोबाइल पर अनजान नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को उनका परिचित बताया और रुपये की जरूरत होने की बात कही। प्रमोद ने भरोसा करके बैंक खाते से अलग-अलग ट्रांजेक्शन में कुल 27,510 रुपये भेज दिए। धीरज नगर निवासी गोविंदा पटेल के अनुसार 18 अगस्त को उनके व्हाट्सएप पर उनकी कंपनी के कर्मचारी रमेश चंद के नंबर से आरटीओ चालान के नाम पर फाइल आई। उन्होंने इसे डाउनलोड कर लिया। 31 अगस्त और 5 सितंबर 2026 को गोविंदा के क्रेडिट कार्ड से कुल 1.41 लाख रुपये की ठगी हुई। सेक्टर-29 निवासी रघुन नेवार ने शिकायत में बताया कि उनके मोबाइल की स्क्रीन कई बार अपने आप चलने लगती थी और फोन हैंग होकर बंद व दोबारा शुरू हो जाता था। 23 अगस्त को क्रेडिट कार्ड की स्टेटमेंट मिलने पर पता चला कि कार्ड से 12 ट्रांजेक्शन के जरिए 97,851 रुपये निकाल लिए हैं। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि सभी मामले बुधवार को दर्ज किए गए हैं।