फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Faridabad News: माेटूका गांव में कूड़े से तैयार की जाएगी बिजली

विज्ञापन
विज्ञापन
प्लांट लगाने के लिए भूमि का निरीक्षण करेंगे एनटीपीसी और नगर निगम के अधिकारी
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। मोटूका गांव में कूड़ा निस्तारण प्लांट बनाए जाने को लेकर एनटीपीसी और नगर निगम के अधिकारी जल्द साइट का निरीक्षण करेंगे। इसे लेकर सोमवार को दोनों संस्थानों के अधिकारियों की बैठक हुई थी। आने वाले समय में सबकुछ ठीक रहा तो जल्द गांव में प्लांट बनाने की तैयारी शुरू कर दी जाएगी। प्लांट पर बिजली तैयार की जाएगी। हालांकि, गांव में प्लांट बनाने को लेकर भारी विरोध भी है।
फरीदाबाद शहर से प्रतिदिन करीब एक हजार टन कूड़ा निकलता है। वर्तमान में निगम की ओर से इस कूड़े को निस्तारण के लिए बंधवाड़ी, प्रतापगढ़ और मुझेड़ी भेजा जाता है। पूर्व में ईको ग्रीन कंपनी को फरीदाबाद और गुरुग्राम से आने वाले कूड़े को निस्तारण के लिए बंधवाड़ी में प्लांट बनाया जाना था। समय पर प्लांट न बनने से वहां पर कूड़े का पहाड़ बन गया और योजना फेल हो गई। फरवरी 2024 में हरियाणा सरकार ने ईको ग्रीन कंपनी का ठेका निरस्त कर दिया था। इसके बाद फरीदाबाद और गुरुग्राम के लिए अलग-अलग कूड़ा निस्तारण प्लांट बनाए जाने की योजना बनाए जाने को कहा गया था। प्लांट के लिए मोटूका गांव को चयनित किया गया था। वहीं, एनटीपीसी इस प्लांट के माध्यम से कूड़े से बिजली भी तैयार करेगी। अब इसी कड़ी में निगम अधिकारियों की एनटीपीसी अधिकारियों के साथ बैठक हुई है। प्लांट के लिए जगह का निरीक्षण करने के लिए एनटीपीसी और नगर निगम के अधिकारी सर्वे करेंगे। इसके बाद योजना तैयार की जाएगी।
विज्ञापन

-
कूड़ा निस्तारण प्लांट का विरोध कर रहे ग्रामीण
मोटूका गांव में प्लांट बनाने का ग्रामीण जमकर विरोध कर रहे हैं। अभी हाल ही में प्रदेश के राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार राजेश नागर के पास भी मोटूका के ग्रामीण पहुंचे थे। इसे लेकर राज्यमंत्री ने निगम को दोबारा से सर्वे कर पता लगाने के लिए कहा था कि प्लांट कहीं और बन सकता है या नहीं। माना जा रहा है कि अधिकारी अब नए सिरे से सर्वे कर पता करेंगे कि प्लांट कहां लग सकता है।
विज्ञापन

-
मोटूका में प्लांट बनाने को लेकर एनटीपीसी के अधिकारियों के साथ बैठक हुई है। अब इसके लिए सर्वे किया जाएगा। सर्वे रिपोर्ट के बाद ही कुछ कहा जा सकता है। पदमभूषण, कार्यकारी अभियंता नगर निगम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें