फरीदाबाद। श्री धार्मिक लीला कमेटी की रामलीला में राम वनवास के प्रसंग को प्रभावी बनाने के लिए कलाकारों ने अभ्यास किया। इस दौरान मंथरा, कैकेयी और राजा दशरथ के किरदार निभा रहे कलाकारों ने संवादों और भाव-भंगिमाओं का बार-बार अभ्यास किया। निर्देशक हरीश चंद्र आजाद ने बताया कि अभ्यास के दौरान कलाकारों ने प्रसंग के भावनात्मक दृश्यों को मंच पर प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने की तैयारी की।
निर्देशक हरीश चंद्र आजाद ने बताया कि कलाकारों ने संवादों के उच्चारण और भावनात्मक प्रस्तुति पर विशेष ध्यान दिया। कैकेयी के संवाद और दशरथ की पीड़ा को प्रभावी बनाने के लिए कलाकारों ने कई बार अभ्यास किया। दशरथ के किरदार में पंकज खरबंदा ने अपने संवादों का बार-बार अभ्यास किया। निर्देशक के अनुसार राम वनवास का यह प्रसंग रामलीला के प्रमुख भावनात्मक दृश्यों में शामिल है। इसलिए इसकी प्रस्तुति को प्रभावी बनाने के लिए कलाकार लगातार तैयारी कर रहे हैं।