सुबह बूंदाबांदी से लोगों को परेशानी जरूर हुई पर दिन चढ़ने के साथ-साथ भीड़ बढ़ती गई
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड हस्तशिल्प मेला धीरे-धीरे परवान चढ़ने लगा है। रविवार को वीकेंड पर 25 हजार से अधिक पर्यटकों ने मेले का दीदार किया। हालांकि सुबह बूंदाबांदी से लोगों को परेशानी जरूर हुई, लेकिन दिन चढ़ने के साथ-साथ मेले में लोगों की भीड़ भी बढ़ती गई। इस दौरान छोटी-बड़ी दोनों चौपालों पर दिनभर सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रही। छुट्टी का दिन होने के कारण विशेषकर स्कूली बच्चों के लिए संडे फन-डे के रूप तब्दील हो गया।
अरावली की मनमोहक वादियों में दो फरवरी से शुरू हुए सूरजकुंड मेले के लिए रविवार पहला वीकेंड रहा। सुबह बारिश के कारण देरी से चौपालों पर कार्यक्रमों की शुरुआत हुई। बारिश थमने के बाद जैसे-जैसे मौसम खुला तो दर्शकों का पहुंचाना शुरू हो गया। दोपहर एक बजे तक जहां मेले में 5 से 7 हजार पर्यटक ही पहुंचते थे, वहीं दोपहर बाद मेले में पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ी, जिससे हस्तशिल्पकारों के चेहरे खिल उठे। बड़ी चौपाल पर पर्यटकों का देशी-विदेशी कलाकारों ने जहां अपने देश की समृद्ध संस्कृति की शानदार प्रस्तुतियों के साथ स्वागत किया, वहीं हरियाणा पुलिस बैंड के अलावा व थीम स्टेट गुजराज की सांस्कृतिक टीमों ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। हरियाणवी परिधान में सजे धजे कलाकारों की टोलियों ने मेला परिसर के देशी-विदेशी पर्यटकों को अपनी शानदार प्रस्तुतियों से थिरकने पर मजबूर कर दिया। कहीं ढोल नगाड़ों पर पर्यटक नाचते नजर आए, तो कहीं जींद के सपेरों की बीन पर लोग थिरकते दिखे, जिससे पूरा मेला उत्सव में तब्दील हो गया। इसके अलावा छोटी चौपाल पर भी दिनभर देशी-विदेशी कलाकारों की प्रस्तुतियों को पर्यटकों ने काफी सराहा।
हरियाणवी कलाकारों ने मंत्रमुग्ध किया
छोटी चौपाल पर हरियाणवी कलाकारों ने शानदार प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। डाॅ. संध्या शर्मा ने अपनी टीम के साथ पारंपरिक वाद्य यंत्रों पर जानी चोर सांग के किस्से की रागनियां प्रस्तुत कीं। उन्होंने प्रदेश की गौरवगाथा के अलावा पति-पत्नी की नोकझोंक की भी सुंदर प्रस्तुति दी।