नोएडा के दादरी में जारचा पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में लिए एक युवक की बेरहमी से पिटाई की। हालत बिगड़ने पर पुलिस ने उसे मंगलवार देर रात छोड़ दिया।
परिजनों ने गंभीर हालत में उसे दादरी स्थित अस्पताल में भर्ती किया जहां से देर रात उसे जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। नाराज परिजन और ग्रामीणों ने बुधवार को सीओ दादरी के दफ्तर का घेराव कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की।
जारचा निवासी अथर हुसैन ने बताया कि मंगलवार सुबह जारचा कोतवाली से चालक धर्मेंद्र यादव उनके घर आए और उनके 25 वर्षीय बेटे जफर अली को किसी घटना में पूछताछ के लिए शक के आधार पर थाने ले गए। धर्मेंद्र ने हाथ-पैर बांधकर और मुंह में कपड़ा लगाकर जफर को जमकर पीटा।
इस दौरान धर्मेंद्र लगातार चोरी की किसी घटना को कबूलने और गांव के कुछ अन्य लोगों के नाम लेने का दबाव बनाता रहा। जफर के इंकार करने पर धर्मेंद्र ने रुक-रुक कर कई बार डंडों व बटों से पिटाई की, जिसके चलते देर रात उसकी हालत बिगड़ने लगी। देर रात पुलिस ने उसको छोड़ दिया। परिजनों ने उसे बुधवार सुबह दादरी स्थित सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां से डॉक्टरों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया।
मामले को लेकर जारचा के ग्रामीणों ने सीओ दादरी का भी घेराव किया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कोतवाल का चालक धर्मेंद्र यादव पैसे लेकर अवैध शराब की भी बिक्री कराता है और लोगों से उगाही करता है। उस पर पूर्व में भी आरोप लगते रहे हैं।
पुलिस क्षेत्राधिकारी दादरी अनुराग सिंह का कहना है कि पीड़ित के परिजनों द्वारा मामले की शिकायत मिली है, जिसको गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद दोषी पाए जाने पर आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।