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कोर्ट के आदेश को ठेंगा दिखाकर दे दिए बिजली कनेक्शन

Tue, 01 Apr 2014 01:05 PM IST
डीपी आर्य/अमर उजाला, गाजियाबाद
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चुनावी हलचल के बीच डूब क्षेत्र में अवैध रूप से बसीं कालोनियों का अंधेरा भी दूर हो गया है। बिना कनेक्शन ही यहां के घरों में बिजली पहुंच रही है। डूब क्षेत्र में आवासीय कालोनियों का निर्माण्ा रोकने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने यहां मूलभूत सुविधाएं देने पर रोक लगा रखी है।
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डूब क्षेत्र में बिजली कनेक्शन नहीं दिए जा सकते हैं। वैशाली क्षेत्र के कनावनी गांव की नई बस्ती डूब क्षेत्र में आन रिकार्ड चिंहित है। इसके बावजूद यहां 300 कनेक्शन दे दिए गए। इनके अलावा अन्य 400 घरों में चोरी से बिजली दी जा रही है।
दबंग ठेकेदारों से मिलकर कारपोरेशन ने इस अवैध कालोनी में विद्युत पोल खड़े कर दिए हैं। इन पर विधिवत केबल डालकर सप्लाई दी गई है। कारपोरेशन अफसर इसके लिए हर महीने दो से पांच हजार रुपये वसूलते हैं।
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सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की धज्जियां उड़ती देखनी हैं तो हिंडन के डूब क्षेत्र में बसी कनावनी की नई बस्ती में देखिए। यहां कारपोरेशन अफसरों ने करीब 300 घरों में कनेक्शन जारी कर दिए। 30-30 हजार रुपये लेकर इनके यहां मीटर लगा दिए गए।

जानकारी मिलने पर सुप्रीम कोर्ट ने कारपोरेशन अफसरों को मीटर उखाड़कर सप्लाई बंद करने के आदेश दिए। ये आदेश भी अफसरों के लिए कारोबार बन गए। मीटर न उखाड़ने और कनेक्शन न काटने की एवज में इनसे बिल के अलावा एक हजार रुपये महीने अतिरिक्त वसूले जाते हैं।

यहां करीब पांच सौ घरों में कनेक्शन नहीं दिए गए हैं। इनसे 15-30 हजार रुपये वसूलकर विद्युत पोल खड़े कर दिए गए। इन पर पावर केबल डालकर सप्लाई दी जा रही है।

इसके बदले में बड़े घरों से पांच हजार और छोटों से दो हजार रुपये महीना वसूली की जाती है। इसमें क्षेत्र का एक दबंग एसडीओ और एक्सईएन से मिलकर इसको अंजाम दे रहे हैं। इसके बदले हर महीने वसूली की जाती है।

जो रुपये दे वह बिजली ले, जो न दे वह अंधेरे में रहे
जो व्यक्ति हर महीने इनको मनमानी धनराशि देने से इंकार करता है, उसकी सप्लाई काट दी जाती है। दबंग ठेकेदार ने कनेक्शन देने के बदले 15-30 रुपये सैकड़ों गरीबों से वसूले थे। अब इनके रुपये वापस नहीं हो रहे हैं और न ही बिजली मिल रही है।
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ठेकेदार इनसे 15-15 हजार रुपये और मांग रहा है। अमर उजाला टीम के सामने ही उक्त ठेकेदार गरीब लोगों को मारने-पीटने पर उतारू हो गया।

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