एबीवीपी के प्रदेश मंत्री सिद्धार्थ यादव ने कहा कि पांच ‘पी’ मॉडल के साथ-साथ एकेडमिक काउंसिल में छात्रों का प्रतिनिधित्व बढ़ाने, सेंट्रल प्लेसमेंट को बेहतर करने, एनएसएस, योग, एनसीसी को इलेक्टिव सब्जेक्ट के रूप में लागू करने पर भी काम करेंगे। एबीवीपी के अध्यक्ष पद प्रत्याशी अक्षित दहिया ने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि छात्रों को एक उत्तरदायी और छात्र हितैषी डूसू दिया जाए।
एबीवीपी के घोषणा पत्र की मुख्य बातें
-दाखिला प्रक्रिया को छात्र हितैषी बनाने पर जोर रहेगा।
-ईसीए तथा स्पोर्ट्स कोटा से होने वाली दाखिले प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाएगा।
-परिणाम, पुनर्मूल्यांकन, रि-चेकिंग के लिए सत्र की शुरूआत से ही एक कैलेंडर जारी किया जाएगा।
-सप्लीमेंट्री कोर्स और अंग्रेजी स्पीकिंग कक्षाएं शुरू की जाएंगी।
-कॉलेज परिसरों को ग्रीन कैंपस-क्लीन कैंपस बनाने पर काम होगा।
-छात्राओं के प्रशिक्षण देने के लिए मिशन साहसी लांच किया जाएगा।
-छात्राओं के सभी हॉस्टल के बाहर महिला पुलिस बूथ व उनकी सुरक्षा के लिए पुलिस पेट्रोलिंग की व्यवस्था करवाई जाएगी।
-स्थायी छात्रसंत्र कार्यालय और सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।