हड़ताल में सोमवार को डॉक्टरों का राष्ट्रीय संगठन भी मैदान में उतर आया। फेडरेशन ऑफ रेजीडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (फोर्डा) ने दिल्ली सरकार और नगर निगम को पत्र लिखते हुए जल्द से जल्द वेतन दिलाने की अपील की है। अध्यक्ष डॉ. सुमेध के मुताबिक अक्सर नगर निगम और राज्य सरकार के अस्पतालों के डॉक्टरों को लंबे समय तक वेतन नहीं दिया जाता। उन्हें केवल आश्वासन दे दिया जाता है। इससे घर चलाना काफी मुश्किल हो जाता है। उन्होंने ये भी कहा कि लापरवाही की चादर ओढ़ नींद में डूबे सरकारी सिस्टम को हड़ताल के जरिए ही जगाया जा सकता है।
वेतन के अलावा डॉक्टरों की ये भी हैं मांगें
-तीन महीने से अटकी सैलरी जल्दी दी जाए
-सातवें वेतन आयोग के तहत एरियर दी जाए
-डॉक्टरों की सुरक्षा की गारंटी दी जाए
-डॉक्टरों पर अत्यधिक कार्यभार कम किया जाए
-पढ़ाई के लिए लाइब्रेरी बनाई जाए
-डॉक्टरों के लिए पीने का पानी मुहैया करवाया जाए
-इमरजेंसी डिपार्टमेंट में पर्याप्त दवाईयां और उपकरण उपलब्ध करवाए जाएं