बदरपुर से खरीदारी करने आई सिमरन ने बताया कि मोमबत्ती व मिट्टी के दीपक का ही दीपावली में महत्व होता है। इसे बच्चे व युवा खूब अच्छे से जान रहे हैं। रोशनी के त्योहार का असली मजा मोमबत्ती से ही है, न कि इलेक्ट्रॉनिक लड़ियों से। वे कहती है कि इस बार वह दीपावली से पूर्व अपने रिश्तेदारों को यह मोमबत्ती उपहार के रूप में देंगी।
दूर-दूर से आ रहे लोग खरीदारी करने
चांदनी चौक स्थित बताशा मार्केट में लोग दूर-दूर से खरीदारी करने पहुंच रहे हैं। लड्डू मोमबत्ती 110 रुपये पीस व जलेबी मोमबत्ती 125 रुपये की कीमत में बिक रही हैं। दुकानदार रिंकू ने बताया कि ग्राहकों की मांग के चलते इस बार नई मोमबत्तियां बाजार में आई हैं। यह मोमबत्ती प्रदूषण नहीं करती और यह स्वदेशी हैं। इन विशेष प्रकार की मोमबत्तियों ने कमाई पहले से और बढ़ा दी है। भागीरथ पैलेस में मोमबत्ती बेच रहे विकास ने बताया कि यह मोमबत्ती राजस्थान व हरियाणा से आ रही हैं। ये मोमबत्ती खूब बिक रही है। सुबह सामान लाते हैं तो दोपहर या शाम तक स्टॉक खत्म हो जाता है। वहीं, राजेंद्र प्लेस से खरीदारी करने आए पंकज ने बताया कि यह विशेष मोमबत्ती दिखने में बेहद खूबसूरत है।