दिल्ली के दिलशाद गार्डन में छोटी-छोटी लापरवाहियों के कारण कोरोना वायरस के फैलते प्रकोप का मामला देखने को मिला है। दिलशाद गार्डन निवासी एक महिला कोरोना वायरस से संक्रमित हो गई और इसके बाद उसके संपर्क में आए अन्य छह लोग भी इसकी चपेट में आ गए।
इनमें उसके परिजनों के साथ-साथ इलाज करने वाले मोहल्ला क्लीनिक के डॉक्टर भी शामिल हैं। इस महिला के संपर्क में 70 से ज्यादा लोगों के आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने एल ब्लॉक के सभी लोगों को अपने घरों में ही रहने के आदेश दिए हैं।
स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, मोहल्ला क्लीनिक के संक्रमित डॉक्टर फिलहाल जीटीबी अस्पताल में भर्ती हैं। उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। उधर, महिला का राम मनोहर लोहिया(आरएमएल) अस्पताल में उपचार चल रहा है।
यह महिला हाल ही में दुबई से लौटकर आई थी। इस महिला से अब तक उसका भाई, मां, दोनों बेटियां, मोहल्ला क्लीनिक के डॉक्टर और एक अन्य व्यक्ति संक्रमित हो चुके हैं। अब डॉक्टर की पत्नी और बेटी को विभाग ने हाई रिस्क पर रखते हुए 15 दिन की निगरानी में रखा है।
इनके अलावा महिला के घर के आसपास के 74 अन्य लोगों को भी निगरानी में रखा गया है। महिला मरीज के भाई के संपर्क में 100 और लोग आए हैं। विभाग उनकी भी निगरानी में जुटा हुआ है।
मालूम हो कि दिल्ली में कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए पूरी राजधानी को लॉकडाउन कर दिया गया है। दिल्ली की सीमाएं भी सील हैं। सोमवार को लॉकडाउन में लोगों की लापरवाही को देखते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा ता कि मंगलवार को इसमें सख्ती बरती जाएगी।
उन्होंने कहा था कि एहतियातन दिल्ली को लॉकडाउन किया गया है। पहले दिन कई लोगों ने इसका उल्लंघन किया है। यह किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इससे लोगों की जान खतरे में पड़ेगी। केजरीवाल ने कहा कि मंगलवार से सख्ती की जाएगी। इसका कोई भी बुरा नहीं मानेगा। लोगों की सेहत के लिए यह जरूरी कदम है।