बिल्डर की लापरवाही से एक बार फिर नीहो स्काटिश सोसायटी में लिफ्ट अटकने से एक महिला करीब 20 मिनट तक अंदर फंसी रही।
महिला ने शोर मचाकर लोगों को मामले की सूचना दी, जिसके बाद उन्हें निकाला जा सका। इस दौरान घबराई महिला की तबियत भी बिगड़ गई। आरडब्ल्यूए ने बिल्डर और जीडीए से शिकायत की है। ।
11 वीं मंजिल पर रहने वाली स्मिता श्रीवास्तव बुधवार रात नौ बजे किसी काम से नीचे गई थीं। वापस लौटते समय अचानक बिजली जाने से लिफ्ट बंद हो गई। उन्होंने लिफ्ट में लगे बजर को दबाने के साथ ही शोर मचाकर मदद मांगी।
लेकिन लिफ्ट 10 वीं और 11वीं फ्लोर के बीच में अटक गई थी। लगभग 15 से 20 मिनट बाद उन्हें लिफ्ट से बाहर निकाला गया। आरडब्ल्यूए अध्यक्ष सचिन कुमार ने बताया कि एक सप्ताह में ये दूसरी बार हादसा हुआ है।
कुछ दिन पहले बिजली जाने के कारण दो बच्चे लिफ्ट में आधे घंटे तक फंसे रह गए थे। बिल्डर से कई बार आटोमैटिक पावर बैकअप करने की मांग की गई पर समस्या हल नहीं हो रही।
नहीं चेत रहे बिल्डर-जीडीए, हो सकता है हादसा
कुछ माह पहले जयपुरिया और कुछ अन्य सोसायटीज में लिफ्ट गिरने के हादसे हो चुके हैं। लिफ्ट की मेंटीनेंस नहीं होने के चलते यह समस्या बनती है। जीडीए और बिल्डर कोई सकारातत्मक कदम नहीं उठा रहे हैं।
लिफ्ट गिरने के हादसे
15 जुलाई 2012: ईस्टर्न हाईट्स में लिफ्ट गिरी
05 जुलाई 2012: जयपुरिया सनराइज ग्रीन की लिफ्ट 16 वीं मंजिल पहुंची बेसमेंट में
05 जून 2012: जयपुरिया सनराइज ग्रीन की लिफ्ट में दो बच्चे फंसे