1005 एमजीडी पानी का उत्पादन होता था
आतिशी ने बताया कि वजीराबाद बैराज और मुनक नहर से मिलने वाले पानी की मात्रा कम होने से दिल्ली के वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से कम उत्पादन हो रहा है। सामान्य रूप से रोजाना इन प्लांट से 1005 एमजीडी पानी का उत्पादन होता है।
ट्यूबवेल से की जा रही आपूर्ति
आपातकालीन स्थिति में ट्यूबवेल को सप्लाई नेटवर्क से जोड़ा गया है। ये ट्यूबवेल विशेष रूप से बवाना, नरेला, द्वारका, नांगलोई सहित पश्चिमी दिल्ली के कई हिस्सों में करवाए गए हैं। इन जगहों पर पानी की विशेष कमी है। आतिशी ने कहा कि स्थिति सुधारने के लिए अपर यमुना रिवर बोर्ड की बैठक हुई, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। हिमाचल ने इस बैठक में दोबारा ये बात दोहराई गई है कि दिल्ली को अपना सरप्लस 139 एमजीडी पानी देने के लिए तैयार है, लेकिन बोर्ड ने इस पर हिमाचल से कुछ कागज मांगे हैं।
आप विधायकों ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री को लिखा पत्र
जल संकट से राहत दिलाने की मांग को लेकर आप विधायकों ने शनिवार को केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल को पत्र लिखा है। विधायकों ने मांग रखी है कि दिल्ली को जल संकट से उबारने के लिए दिल्ली सरकार हर प्रयास कर रही है, लेकिन यमुना में पानी की उपलब्धता कम होने से दिल्ली की जरूरतें पूरी नहीं हो पा रही हैं। यह पूरा मामला हरियाणा, हिमाचल, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के बीच का है। अगर सीआर पाटिल इंटर स्टेट कोआर्डिनेशन की जिम्मेदारी उठा लें तो दिल्ली को जल संकट से उबारा जा सकता है। विधायकों ने मंत्री से रविवार को मिलने का समय भी मांगा। विधायक दिलीप पांडे ने कहा कि हमें उम्मीद है कि सीआर पाटिल इस मामले में दखल देकर दिल्ली को जल्द राहत दिलाएंगे।
केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल के आवास पर पहुंचे आप विधायक
आज दिल्ली के आप विधायक केंद्रीय जलशक्ति मंत्री सीआर पाटिल से मिलने पहुंचे। हालांकि उनसे मुलाकात नहीं हुई है। आप विधायकों ने बताया कि हमने उनके आवास, कार्यालय और अन्य सभी माध्यमों से पत्र दे दिया है।