दिल्ली पुलिस एक ओर जहां लॉकडाउन का सख्ती से पालन करवा रही है वहीं, इंसानियत का फर्ज भी निभा रही है। ऐसा ही मामला वसंत कुंज इलाके में सामने आया है। घर में वृद्ध महिला की मौत हो गई। परिवार में दो ही सदस्य थे। ऐसे में पुलिस ने इंसानियत का फर्ज निभाते हुए वृद्धा के शव का अंतिम संस्कार करवाया। वृद्धा का परिवार जहां पुलिस को धन्यवाद देते नहीं थक रहा है वहीं इलाके में पुलिस की खूब प्रशंसा हो रही है।
दक्षिण जिला डीसीपी अतुल कुमार ठाकुर ने बताया कि सी-4 वसंत कुंज में शांति देवी (93) बेटी के साथ रहती थी। उनका बेटा विदेश में रहता है। बुधवार को शांतिदेवी का निधन हो गया। घर में दामाद व नवासा था। ऐसे में कंधा देने वाले चार लोग भी नहीं थे। लॉकडाउन के कारण अन्य रिश्तेदार नहीं आ सके। ऐसे में शांतिदेवी की बेटी ने वसंत कुंज (नार्थ) थानाध्यक्ष के मोबाइल पर फोन किया। परंतु दक्षिण जिले में थानाध्यक्षों के नंबर बदल जाने के कारण इस नंबर के मोबाइल का इस्तेमाल ग्रेटर कैलाश-एक के थानाध्यक्ष सोमनाथ पारूथी कर रहे है।
थानाध्यक्ष सोमनाथ पारूथी ने बेटी की पूरी बात सुनी और अपने थाने से सिपाही हवा सिंह व अन्य को भेजा। हवा सिंह ने एंबुलेंस को बुलवाया। वह कंधा देकर शव को एंबुलेंस से मोतीलाल नेहरू कैंप स्थित श्मशान घाट ले गए। उन्होंने पंडित व लकड़ियों को इंतजाम किया। शाम को जाकर वृद्धा का अंतिम संस्कार हो पाया।