नागरिकता संशोधन कानून के विरोध की तस्वीर
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नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में दिल्ली में प्रदर्शन होंगे। इन प्रदर्शनों में असामाजिक तत्व घुसकर हिंसा फैला सकते हैं। इस तरह के शरारती तत्वों पर ध्यान रखा जाए। दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच ने पुलिस को इस तरह के इनपुट्स दिए थे। मगर कई जिलों की पुलिस ने इन इनपुट्स को गंभीरता से नहीं लिया। नतीजा यह रहा कि शरारती तत्व अपने मंसूबों में कामयाब हो गए।
शाहदरा जिले के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कुछ दिन पहले इनपुट्स दिए गए थे कि नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में प्रदर्शन होंगे। सभी थानाध्यक्षों को इलाके में पुलिस की उपस्थिति व गश्त बढ़ाने के लिए कहा गया था। छात्र भी प्रदर्शन करेंगे। छात्रों के प्रदर्शन को शांतिपूर्ण होने देने की बात कही गई थी।
मगर इन प्रदर्शनों में शरारती तत्व घुसकर हिंसा फैला सकते हैं। लेकिन दक्षिण-पूर्व व उत्तर-पूर्व जिले की पुलिस अपनी रणनीति में फेल हो गई और शरारती तत्व अपने मंसूबों में कामयाब हो गए। जामिया नगर में हुए बवाल वाले मामले में यह साफ हो चुका है कि छात्रों के बीच घुसकर शरारती तत्वों ने हिंसा फैलाई।
दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस ने हिंसा फैलाने के आरोप में दस आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों का जामिया मिल्लिया से दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है। दिल्ली पुलिस अधिकारियों का मानना है कि सीलमपुर चौक पर हुए बवाल में भी शरारती तत्वों की भूमिका सामने आएगी।
अमित शाह के घर पर हो सकता है प्रदर्शन
नई दिल्ली जिले में भी इनपुट्स हैं कि प्रदर्शनकारी संसद भवन, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, जंतर-मंतर व इंडिया गेट पर प्रदर्शन कर सकते हैं। इस कारण इन जगहों पर पुलिस की 24 घंटे की निगरानी बढ़ा दी गई है। दूसरी तरफ खुफिया विभाग के इनपुट्स मिलने के बाद केंद्रीय मंत्री अमित शाह व केंद्रीय राज्य मंत्री किरेन रिजिजू के आवासों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।