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चोरी करने के बाद छोड़ जाता था मोबाइल नंबर, पेटीएम से पैसे मिलने पर लौटा देता था सामान

Wed, 15 Aug 2018 12:44 AM IST
पुरुषोत्तम वर्मा, अमर उजाला, नई दिल्ली
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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दक्षिण-पश्चिम जिले की वसंत विहार पुलिस ने ऐसे नाबालिग को पकड़ा है, जो चोरी करने के बाद वहां मोबाइल नंबर छोड़ जाता था। चोरी किए सामान की कीमत के बराबर रकम पेटीएम से ले लेता था, उसके बाद सामान लौटा देता था। पुलिस ने चोरी के सात मामलों को सुलझाने का दावा किया है। चार केस में उसने पेटीएम से पैसा ले लिया था।
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दक्षिण-पश्चिम जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कटवारिया सराय, वसंत विहार में रहने वाले रजनीश के घर में पिछले सप्ताह चोरी हुई थी। रजनीश सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहा है। चोर रजनीश का लैपटॉप, मोबाइल व अन्य सामान ले गया था। 

रजनीश के घर में एक मोबाइल नंबर मिला। रजनीश ने उस नंबर पर फोन किया, तो आरोपी ने कहा कि उसने चोरी की है और वह 30 हजार रुपये पेटीएम कर देगा, तो उसका सामान लौटा देगा। रजनीश ने इसकी शिकायत वसंत विहार पुलिस को की।
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वसंत विहार पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने तीन हजार रुपये पेटीएम करने का सौदा किया और पैसे पेटीएम करने के बहाने उसे अपने जाल में फंसा लिया और मंगलवार को उसे कन्हैया नगर, मजनूं का टीला से पकड़ लिया। मुजफ्फरपुर, बिहार निवासी आरोपी की उम्र 17 वर्ष है। फर्राटेदार अंग्रेजी बोलने में माहिर आरोपी कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ा हुआ है। आरोपी के माता-पिता नहीं हैं।
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हॉलीवुड फिल्म से मिला था आइडिया

आरोपी ने बताया कि वह चोरी की सात वारदात को अंजाम दे चुका है। पांच वारदात उसने कटवारिया सराय व दो शास्त्री नगर में की हैं। सभी वारदात में उसने मोबाइल नंबर छोड़ा था। वह पेटीएम के लिए किसी दुकानदार का नंबर देता था और दुकानदार से कहता था कि उसके गांव से पैसे आने वाले हैं।

दुकानदार अपना कमीशन लेकर उसे पैसे दे देता था। आरोपी ने बताया कि उसे एक हॉलीवुड फिल्म से इस तरह चोरी करने का आइडिया मिला था। हालांकि आरोपी पीओपी करने का काम करता है। वह उसी इलाके में चोरी करता था, जिस इलाके में उसने पीओपी का काम किया हुआ था। काम के दौरान ही वह रेकी कर लेता था।
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