दिल्ली उच्च न्यायालय ने राष्ट्रीय राजधानी में नमूनों को जांचने की क्षमता बढ़ाने, स्वयं जांच किट आयात करने और नकली और खराब एन95 मास्क की बिक्री पर रोक लगाने के लिए दायर जनहित याचिका पर बुधवार को केंद्र और दिल्ली सरकार को नोटिस जारी किए। मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ ने गृह और स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ-साथ दिल्ली सरकार को भी नोटिस जारी किए और उन्हें इस पर जवाब देने का निर्देश दिया। बता दें कि इस याचिका में उन लोगों को कोरोना के खिलाफ टीका लगाने में प्राथमिकता देने की गुजारिश की गई है जो पिछले चार महीने में कोविड-19 से संक्रमित नहीं हुए हैं।
वकील श्वेत सिंह की ओर से दायर याचिका में अधिकारियों को तत्काल एक ‘वेबपेज’ बनाने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है जिसके जरिए दिल्ली के लोगों को कोविड संबंधित जरूरी दवाइयों, ऑक्सीजन आपूर्ति और अन्य जानकारी आसानी से मिल सके। सिंह ने कहा कि ब्रिटेन, अमेरिका और कनाडा जैसे कई देशों नें घर पर ही खुद जांच करने का तंत्र विकसित किया है और यहां भी लागू होना चाहिए। याचिका में यह भी कहा कि गया है कि सरकार के निर्देशों के अभाव में नकली एन95 मास्क बाजार और ऑनलाइन बिक रहे हैं तथा बड़ी संख्या में लोग इन्हें यह समझ कर खरीद रहे हैं कि इससे वायरस के खिलाफ उन्हें सुरक्षा मिलेगी।