दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण की स्थिति गंभीर हो चुकी है। बुधवार के बाद गुरुवार को भी यहां की हवा जहरीली बनी हुई है। आज सुबह दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक आज 400 के पार दर्ज किया गया।
#WATCH Poor visibility in Delhi-NCR due to rise of pollutants in the atmosphere; Visuals from Signature Bridge in Wazirabad.
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Air Quality Index is at 486 in Sonia Vihar, in 'severe' category, according to the Central Pollution Control Board (CPCB) data. pic.twitter.com/V1OikKjUUe
बुधवार को स्थिति रही खराब
दिल्ली-एनसीआर सहित देश के कई इलाके बुधवार सुबह से रात तक स्मॉग की घनी चादर में लिपटे रहे। इससे लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में परेशानी का सामना करना पड़ा। एनसीआर में गाजियाबाद 389 एक्यूआई के साथ सबसे प्रदूषित रहा, जबकि ग्रेटर नोएडा में वायु गुणवत्ता सूचकांक 368 दर्ज किया गया।
गुरुग्राम को छोड़कर राजधानी सहित एनसीआर से अधिकतर शहरों में हवा बेहद खराब श्रेणी में दर्ज की गई। गाजियाबाद व दिल्ली के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 को पार कर गया। राजधानी में औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 343, फरीदाबाद में 331 दर्ज किया गया, जबकि गुरुग्राम में 296 रहा।
Delhi Air Pollution: धुंध की चादर में लिपटा दिल्ली-एनसीआर, हवा बेहद खराब, गाजियाबाद सर्वाधिक प्रदूषित
सफर के अनुसार सुबह हवाओं का रुख दक्षिण-पश्चिमी होने के कारण राजधानी में स्मॉग बढ़ा है। हवा की चाल धीमी होने की वजह से भी प्रदूषण को बढ़ने में सहायता मिली। अनुमान है कि आगामी दो से तीन दिनों तक हवा का स्तर बहुत खराब श्रेणी में ही बने रहने की संभावना है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, राजधानी में वायु गुणवत्ता सूचकांक 343 दर्ज किया गया जबकि एक दिन पहले 302 था। वहीं हॉटस्पॉट क्षेत्रों में हवा का स्तर खतरनाक श्रेणी में रहा। वेंटिलेशन इंडेक्स 9500 घनमीटर प्रति सेकंड और हवा की रफ्तार 15 किमी प्रति घंटा दर्ज की गई। राजधानी में सुबह से ही स्मॉग की चादर छाई हुई थी। लोग उठे तो सड़कों से लेकर कॉलोनियों में भी स्मॉग का असर दिखा। यही वजह थी कि अधिकतर लोगों को पूरा दिन आंखों में जलन व गले में खराश के साथ सांस लेने में तकलीफ हुई।