दिल्ली सरकार की बुधवार को महत्वपूर्ण बैठक में एमसीडी अधिकारियों के एक्शन टेकन रिपोर्ट (एटीआर) न लाने पर मुख्यमंत्री नाराज होकर बैठक बीच में ही छोड़कर चली गईं।
एमसीडी से अपेक्षित सहयोग न मिलने से सरकार की नाराजगी फिर सामने आई है। दिल्ली सरकार की बुधवार को महत्वपूर्ण बैठक में एमसीडी अधिकारियों के एक्शन टेकन रिपोर्ट (एटीआर) न लाने पर मुख्यमंत्री नाराज होकर बैठक बीच में ही छोड़कर चली गईं।
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बैठक का उद्देश्य राजधानी में कूड़ा प्रबंधन और प्रदूषण कम करने के लिए एमसीडी के कार्यों की प्रगति पर चर्चा करना था, लेकिन रिपोर्ट न आने पर सीएम ने इसे ‘गैर-गंभीर रवैया और लापरवाही करार दिया। सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि एमसीडी अधिकारी बैठक को गंभीरता से नहीं ले रहे। अगर कामों पर रिपोर्ट ही नहीं है तो बैठक का औचित्य ही क्या रह जाता है?
उन्होंने मुख्य सचिव को पूरे मामले की समीक्षा करने और एमसीडी से स्पष्ट जवाबदेही तय कराने के निर्देश दिए। इसके बाद वह बैठक छोड़कर बाहर चली गईं। बैठक में महापौर राजा इकबाल सिंह, उपमहापौर जगभगवान यादव, स्थायी समिति की अध्यक्ष सत्या शर्मा, एमसीडी आयुक्त और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे। सरकार ने कूड़ा निपटान से लेकर सड़क सफाई तक की स्थिति के बारे में एमसीडी से नियमित रिपोर्ट मांगी थी।
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बता दें िक इससे पहले भी कई बार दिल्ली सरकार ने एमसीडी को प्रभावी सफाई व्यवस्था न होने पर कठघरे में खड़ा किया था। सरकार ने कहा कि एमसीडी ने न तो विंटर एक्शन प्लान पर अपेक्षित कार्रवाई की और न सफाई के लिए ठोस कदम उठाए।