दरवाजा खुलवाने की कोशिश करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
विश्वविद्यालय प्रबंधन के मुताबिक, छात्रों का उग्र रूप देखकर प्रो. कदम बाहर जाने लगे, लेकिन दरवाजा अंदर से बंद करते हुए उन्हें सोफे पर धक्का मार दिया। कुछ छात्रों ने पीटा भी, जिससे उनके बाएं हाथ में चोट लगी। प्रो. कदम का ब्लड प्रेशर हाई हो गया, जिसके चलते उन्हें मानसिक आघात पहुंचा।
उधर, इस मामले में प्रो. कदम ने चीफ प्रोक्टर को लिखित शिकायत दी है, जबकि चीफ सिक्योरिटी अधिकारी ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है। गौरतलब है कि इससे पहले भी तीन बार छात्रों ने अपनी मांगें मनवाने के लिए कुलपति से लेकर अन्य प्रशासनिक अधिकारियों को बंधक बनाकर मारपीट की है।
1973 के बाद पहली बार मेस फीस में बढ़ोतरी
वर्ष 1973 के बाद जेएनयू में पहली बार मेस फीस में बढ़ोतरी हुई है, जबकि मेस फीस समय पर न देने पर पहले एक रुपये जुर्माना लगता था, जिसे बढ़ाकर बीस रुपये किया गया है।