दिल्ली कांग्रेस ने मुख्यमंत्री से इस्तीफे की मांग की है। प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कांग्रेस पार्टी की ओर से संवारी हुई दिल्ली को पिछले 7 वर्षों में बदहाल कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी का जिक्र करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को आईना दिखाया गया है। उन्हें दिल्ली की जनता के प्रति अपनी जिम्मेवारी को निभाना चाहिए।
प्रदेश अध्यक्ष अनिल चौधरी ने संवाददाताओं को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली में प्रदूषण से बिगड़ते हालात पर भी सुप्रीम ने कहा कि प्रदूषण से बचने के लिए भी सुप्रीम कोर्ट को हस्तक्षेप करना पड़ा। जब व्यस्कों को घर से काम करने की सुविधा दी जा रही है तो बच्चे क्यों स्कूल जा रहे हैं।
प्रदूषण नियंत्रण पर सुप्रीम कोर्ट की दिल्ली सरकार को चेतावनी के बाद भी अगर 24 घंटे में फैसला नहीं लिया गया तो कांग्रेस पार्टी फैसला लेगी। अरविन्द सरकार की वास्तविकता अब सामने आ गई है कि कथनी और करनी में फर्क है।
प्रदूषण नियंत्रण के लिए ऑड-इवन, प्रदूषण के विरुद्ध युद्ध, कनॉट प्लेस और आनन्द विहार के स्मॉग टावरों पर करोड़ो रुपये खर्च करने और ट्रैफिक लाइट पर युवाओं को खड़े करने के बाद भी वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 से अधिक है।