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ऑटो-टैक्सी हड़ताल: ओला-उबर को छोड़कर ज्यादातर संगठनों ने वापस ली हड़ताल, कहा- केंद्र के समक्ष रखेंगे मांग

Tue, 19 Apr 2022 04:32 PM IST
पूजा त्रिपाठी अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

ऑटो-टैक्सी की जिन यूनियनों ने अपनी हड़ताल वापस ली है उनका कहना है कि हम नहीं चाहते कि हमारी वजह से जनता को परेशानी हो। हम केंद्र सरकार के सामने अपनी मांगें रखेंगे और हमें उम्मीद है कि सरकार हमारी बात सुनेगी।
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ओला उबर की जारी है हड़ताल - फोटो : भूपिंदर सिंह
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विस्तार
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जनता की परेशानियों को देखते समझते हुए दिल्ली के अधिकतर ऑटो और टैक्सी के यूनियनों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली है। हालांकि अब भी एप बेस्ड कैब सेवाओं जैसे ओला-उबर आदि की हड़ताल जारी है।

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जिन यूनियनों ने अपनी हड़ताल वापस ली है उनका कहना है कि हम नहीं चाहते कि हमारी वजह से जनता को परेशानी हो। हम केंद्र सरकार के सामने अपनी मांगें रखेंगे और हमें उम्मीद है कि सरकार हमारी बात सुनेगी।

राजधानी परिवहन पंचायत के अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह ने कहा, हमने हड़ताल वापस ले ली है ताकि जनता को परेशानी न हो। अगर केंद्र सरकार हमारी मांगें नहीं मानती तो 20-25 दिन बाद उन्हें इस बात के लिए तैयार रहना चाहिए जब दिल्ली की दूध और पानी की सप्लाई बंद हो जाएगी।

सीएनजी सब्सिडी, किराए में बढ़ोतरी की मांग पर ऑटो-टैक्सी यूनियनों ने की हड़ताल

सीएनजी पर सब्सिडी, किराए में बढ़ोतरी सहित अन्य मांगों के समर्थन में ऑटो-टैक्सी यूनियनों की हड़ताल का असर मंगलवार को भी दिल्ली की सड़कों देखा गया। जगह-जगह ऑटो-टैक्सियां कतार में नजर आईं, लेकिन लोगों को गंतव्य तक पहुंचने के लिए इंतजार के बाद भी अधिक खर्च करना पड़ा। 

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सीएनजी की कीमतों में लगातार होने वाली बढ़ोतरी से परेशान चालकों ने पहले ही हड़ताल की घोषणा कर दी थी। संगठनों ने मांगें नहीं माने जाने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल करने की भी घोषणा की थी। सोमवार को ऑटो-टैक्सी की हड़ताल में 15 से अधिक संगठनों के सदस्य शामिल हुए।

आज भी जारी है कैब चालकों की हड़ताल

दिल्ली सर्वोदय ड्राइवर्स एसोसिएशन और सर्वोदय ड्राइवर्स वेलफेयर एसोसिएशन की हड़ताल मंगलवार को भी जारी है। इसके तहत ओला-उबर आते हैं और इन्होंने अभी तक अपनी हड़ताल वापस नहीं ली है। उनका कहना है कि इसके बाद भी सरकार ने अगर उनकी मांगों पर सुनवाई नहीं की तो अनिश्चितकालीन हड़ताल पर भी जा सकते हैं।

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