शाहीन बाग में नागरिकता कानून के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन के बीच रविवार को चुनाव अधिकारियों ने स्थानीय पुलिस के साथ बैठक कर हालात का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि यह बैठक शनिवार शाम के लिए ही निर्धारित की गई थी, लेकिन शाहीन बाग में गोली चलने की घटना के कारण कुछ अधिकारियों का आना संभव नहीं हो पाया। इसलिए उन्होंने आज बैठक की।
मालूम हो कि ओखला समेत दिल्ली की सभी 70 विधानसभा सीटों पर 8 फरवरी को मतदान होने हैं। जिसके बाद 11 फरवरी को चुनाव के नतीजे आएंगे। लेकिन पिछले डेढ़ महीने से शाहीन बाग में नागरिकता कानून, एनआरसी और एनपीआर के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन के कारण चुनाव अधिकारियों को भी चिंता सता रही है।
चुनाव अधिकारियों की एक टीम इससे पहले भी शाहीन बाग का दौरा कर चुकी है। बता दें कि कल शाम शाहीन बाग में अचानक एक युवक ने फायरिंग कर दी थी। हालांकि इस गोलीबारी में किसी को चोट नहीं आई है। वहां मौजूद पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए शख्स को वक्त रहते हिरासत में ले लिया।
बैठक के बाद जब अधिकारियों से यह पूछा गया कि क्या शाहीन बाग का माहौल चुनाव कराने के अनुकूल है, तो उन्होंने कहा कि हां, चिंता की कोई बात नहीं है, हमारे अधिकारी अतिरिक्त सतर्क हैं। हम हर रोज पूरे शहर की स्थिति का जायजा ले रहे हैं।
इससे पहले शुक्रवार को दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी रणबीर सिंह भी ओखला क्षेत्र में चुनाव की तैयारियों के निरीक्षण पर गए थे। उन्होंने कहा था कि इन इलाकों में मतदान करवाने में किसी तरह की दक्कत नहीं है।