हवा की गुणवत्ता खराब होने की पीछे सफर का आकलन है कि पहले के अनुमान के मुताबिक हवा की दिशा उत्तर पश्चिमी से पूर्वी हो गई है, लेकिन बंगाल की खाड़ी से चलने वाली हवा की चाल बेहद कम थी। वहीं, दिल्ली में भी सतह पर चलने वाली हवाओं की चाल धीमी रही।
इससे प्रदूषक हवाओं में टिक गए और सूचकांक बेहद खराब स्तर तक पहुंच गया है। सफर का पूर्वानुमान है कि अगले दो दिनों तक हालात में बदलाव होने की उम्मीद नहीं है। हवा की गुणवता खराब और बेहद खराब की सीमा रेखा पर बनी रहेगी।
द्वारका का रहा ये हाल
बेशक दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक अभी 300 बना हुआ है, लेकिन द्वारका, वजीरपुर जैसे इलाकों में यह 400 के करीब पहुंच रहा है। बुधवार को दोनों इलाकों का सूचकांक 390 व 372 रिकार्ड किया गया जबकि मुंडका का सूचकांक 352 पर था।