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Delhi: फर्जी इंश्योरेंस पॉलिसी देकर 200 लोगों को ठगा, पुलिस ने चार आरोपियों को किया गिरफ्तार

Wed, 18 Jan 2023 10:37 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, दिल्ली

सार

बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त हरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि पिछले दिनों एक महिला ने ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी। एक कॉलर ने उनकी कार का महज सात हजार रुपये में इंश्योरेंस करने की बात कही जो मार्केट रेट से काफी कम था।
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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दिल्ली में वाहनों की इंश्योरेंस पॉलिसी कम दाम में देने का झांसा देकर ठगने वाले गिरोह के चार सदस्यों को बाहरी जिला साइबर थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान सतीश कुमार शर्मा (36), सुनील गुप्ता (42), इशांत महाय उर्फ इशू (34) और अमित (22) के रूप में हुई। सभी आरोपी दिल्ली के अलग-अलग स्थानों के रहने वाले हैं। पुलिस ने आरोपियों के पास से पांच मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, बैंक डेबिट कार्ड के अलावा भारी मात्रा में दस्तावेज बरामद किए हैं। सतीश ने बताया कि गिरोह 200 से अधिक लोगों को फर्जी पॉलिसी थमाकर लाखों रुपये ठग चुका है।

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बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त हरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि पिछले दिनों एक महिला ने ठगी की शिकायत दर्ज कराई थी। एक कॉलर ने उनकी कार का महज सात हजार रुपये में इंश्योरेंस करने की बात कही जो मार्केट रेट से काफी कम था। पीड़िता झांसे में आ गई और इंश्योरेंस करवा लिया। बाद में पता चला कि पॉलिसी फर्जी है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। जांच के दौरान जिस नंबर से कॉल आई थी और जिन खातों में रुपये ट्रांसफर हुए उनकी पड़ताल की गई। इसके बाद पुलिस ने अमित को दबोच लिया। उसके खाते के साथ जो इंशात के नाम पर मोबाइल नंबर पंजीकृत था। 

पुलिस ने इशांत को भी दबोच लिया। इशांत ने बताया कि उसने दोस्त अमित के नाम पर खाता खोलकर सुनील को 20 हजार में बेच दिया था। पुलिस ने पूछताछ के बाद सुनील को भी पकड़ लिया। उसके पास से ठगी में इस्तेमाल बैंक खाते का डेबिट कार्ड बरामद हो गया। बाद में सतीश कुमार शर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ के बाद सतीश ने बताया कि वह कॉल सेंटर में काम कर चुका था। उसे अच्छी तरह पता था कि इंश्योरेंस पॉलिसी के नाम पर कैसे ठगी की जाती है। वह खुद कॉल कर लोगों को जाल में फंसाता था। फर्जी पते पर निकाले गए सिमकार्ड की मदद से कॉल होती थी। गिरोह अब तक 200 लोगों से लाखों रुपये ठग चुके हैं।
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