दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) की दिवाली विशेष आवास योजना 2023 (ई-नीलामी) फेज-दो भी पहले की योजनाओं की तरह विफल हो गई है। इसमें शामिल 2093 फ्लैटों में से लोगों ने सिर्फ 744 फ्लैट ही बुक कराए। ऐसे में योजना के बचे हुए फ्लैटों को बेचने के लिए एक बार फिर ई-नीलामी होगी।
डीडीए के अनुसार, द्वारका सेक्टर-19 बी और सेक्टर-14 के बचे हुए फ्लैटों के लिए ई-नीलामी होगी। लोकनायकपुरम के एमआईजी फ्लैटों को पहले आओ पहले पाओ स्कीम से बेचा जाएगा। नरेला सेक्टर-ए1 व ए4 में एमआईजी फ्लैटों को डिस्काउंट पर बेचने के लिए पहले आओ पहले पाओ स्कीम के तहत 440 से अधिक फ्लैट ऑफर किए जाएंगे।
इनमें आम जनता के लिए 15 प्रतिशत की छूट और केंद्र सरकार, राज्य सरकार व स्वायत्त निकायों के कर्मचारियों को 25 प्रतिशत छूट होगी। वर्ष 2016 में रामगढ़ कालोनी में एलआईजी फ्लैट तैयार किए गए थे, इन फ्लैटों को पिछली हाउसिंग स्कीम-2021 में ऑफर की गई कीमत पर 15 प्रतिशत डिस्काउंट के साथ लगभग 14 लाख रुपये में बेचने का निर्णय लिया गया है। वहीं, डीडीए ई-नीलामी के फेज-तीन के माध्यम से चल रही दिवाली विशेष आवास योजना में द्वारका में लगभग 220 फ्लैटों को बेचेगा।
168 गांवों का 960 करोड़ रुपये से होगा कायाकल्प
डीडीए वर्ष 2017 और 2019 में शहरीकृत किए 168 को विकास करेगा। इन गांवों में विकास कार्य करने के लिए दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग ने 959.89 करोड़ रुपये डीडीए को दिए हैं। इन गांवों का कायाकल्प करने के लिए उपराज्यपाल ने दिल्ली ग्रामोदय अभियान (डीजीए) शुरू किया। इसके तहत सड़कों का निर्माण करना, तालाबों का रखरखाव एवं जलाशयों, सामुदायिक स्थलों, भूमि सुरक्षा, श्मशान भूमि का निर्माण, खेल सुविधाएं, सार्वजनिक पुस्तकालय, सुरक्षा एवं लाइटिंग आदि कार्य किए जाएंगे।