चिड़ियाघर प्रशासन की ओर से आगंतुकों की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे। पार्किंग व्यवस्था, एंट्री-एग्जिट, भीड़ नियंत्रण और जानवरों की देखभाल पर खास ध्यान दिया गया, जिससे पूरे दिन किसी तरह की अव्यवस्था नहीं हुई। चिड़ियाघर प्रबंधन ने बताया कि नए साल के अवसर पर परिवारों और बच्चों की संख्या अधिक रही और लोगों ने शांतिपूर्ण माहौल में वन्यजीवों को करीब से देखा।
चिड़ियाघर प्रबंधन ने सभी आगंतुकों को जिम्मेदारी के साथ नए साल का जश्न मनाने के लिए धन्यवाद दिया है। इसके अलावा, आगामी छुट्टियों के दौरान भीड़ और इंटरनेट कंजेशन से बचने के लिए लोगों से अपील की गई है कि वे चिड़ियाघर की वेबसाइट से पहले ही टिकट बुक कर लें। चिड़ियाघर निदेशक डॉ. संजीत कुमार ने बताया कि समुह में आए लोगों के आपस में बिछड़ने पर मिलने की जगह की जानकारी की अनाउंसमेंट भी कराई गई। वहीं, टिकट की कालाबाजारी रोकने के लिए फ्लाइंग स्क्वॉड बनाया गया। उन्होंने बताया कि मेन गेट के पास लगेज रूम के साथ हेल्प डेस्क बनाया गया था। यहां से आगंतुकों ने चिड़ियाघर से जुड़ी जानकारी ली।
जानवरों के बाड़े के बाहर रहेंगे सिक्योरिटी गार्ड
बड़े जानवरों के बाड़े के बाहर सिक्योरिटी गार्ड ज्यादा संख्या में तैनात रहे, ताकि कोई व्यक्ति बाड़े में न कूद सके और किसी भी स्थिति से आसानी से निपटा जा सके। एनिमल कीपर और सिक्योरिटी में करीब 40 लोगों का अतिरिक्त स्टाफ तैनात रहा। सामान्य दिनों में करीब 60 लोगों के स्टाफ को बढ़ाकर 90 से अधिक किया गया। इसके अलावा, चिड़ियाघर का सामान छीनने या महिलाओं से बदतमीजी करने वालों को तुरंत पकड़ने के लिए सिक्योरिटी टीम के दस्ते पूरे चिड़ियाघर में तैनात रहे। सीसीटीवी से लगातार नजर रखी गई। नए साल पर बच्चों के लिए भी विशेष प्रोग्राम रखे गए। उन्हें वन्य जीवों की जानकारी देने के साथ कई प्रतियोगिताएं आयोजित की गई। टिकट चेक कराने के बाद चिड़ियाघर के अंदर जाने के लिए सभी 8 एंट्री गेट विजिटर्स की सुविधा के लिए खुले रहे।