महिला का आरोप था कि एक दिन युवक उसके घर पहुंच गया और शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। करीब एक वर्ष तक युवक उसका यौन शोषण करता रहा, जिससे वह गर्भवती हो गई।
जब महिला ने युवक से शादी के लिए कहा तो वह मुकर गया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया तथा आरोपी को गिरफ्तार कर बाल सुधार गृह भेज दिया।
बाल सुधार गृह से आने के बाद किशोर ने पीएमजेजेबी में अपील दायर कर कहा कि जिस समय वह महिला के संपर्क में आया उसकी उम्र 14 साल थी।
किशोर का आरोप था कि महिला ने उसे बार-बार शारीरिक संबंध बनाने के लिए उकसाया तथा एक साल तक उसका शारीरिक शोषण करती रहती। महिला ने उस पर शादी करने का दबाब बनाया तथा मना करने पर उसे जान से मारने की धमकी भी दी।
जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड की प्रिंसिपल मजिस्ट्रेट रितू यादव ने मामले की सुनवाई करते हुए जिला पुलिस को निर्देश दिए हैं कि किशोर की जन्ततिथि 14 जनवरी 2004 है। उस हिसाब से महिला के संपर्क में आने के वक्त किशोर की उम्र करीब 14 वर्ष थी।
महिला ने 14 वर्षीय किशोर को डरा-धमका कर अपने कब्जे में रखा तथा अपनी हवस को शांत करने के लिए के लिए गलत तरीके से किशोर को उकसा कर शारीरिक संबंध बनाए हैं, इसलिए महिला के खिलाफ प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन सेक्सुएल ऑफेंस(पोक्सो) के तहत मुकदमा दर्ज किया जाए।
महिला थाना पुलिस ने महिला के खिलाफ मामला दर्ज कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही महिला को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।