अदालत ने दिल्ली वक्फ बोर्ड (डीडब्ल्यूबी) में गैरकानूनी तरीके से कर्मचारियों की भर्ती के मामले में दाखिल आरोप पत्र व उसके साथ दिए गए दस्तावेज की अब तक जांच नहीं होने पर आरोपियों के खिलाफ नाराजगी जताई है। राऊज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश एकके नागपाल ने सीबीआई से कहा कि वह कुछ दस्तावेज की हिंदी व अंग्रेजी की अनुवाद कॉपी आरोपियों को मुहैया कराएं। साथ ही सुनवाई 4 सितंबर के लिए स्थगित कर दिया।
सुनवाई के दौरान आरोपी आप विधायक व वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष अमानतुल्लाह खान अदालत में पेश हुए। न्यायाधीश ने आरोपियों को फटकार लगाते हुए कहा कि इतना समय देने के बाद भी आप लोग ने अभी तक दस्तावेज की जांच पूरी नहीं की है। उन्होंने आरोपियों के वकीलों से कहा कि जो दस्तावेज केस से जुड़े नहीं हैं, उसको लेकर आप क्या करेंगे। कुछ आरोपियों के वकील ने कहा कि कुछ दस्तावेजज उर्दू में हैं। हमें उर्दू नहीं आती है। उन दस्तावेज को अंग्रेजी में अनुवाद करके देने का निर्देश दिया जाए, जिससे सुनवाई के दौरान उन्हें आसानी हो।
सीबीआई के वकील ने जवाब दिया कि आज-कल गूगल लेंस का जमाना है। आप उससे उन दस्तावेजों का अनुवाद अंग्रेजी में कर लिजिए। वकीलों ने जवाब दिया कि उन्हें गूगल लेंस पर भरोसा नहीं है। आप अनुवाद करके दीजिए।