प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक कर देश में कोरोना के बढ़ते मामलों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि कोरोना की वैक्सीन मिलने में कितना समय लगेगा, यह नहीं कहा जा सकता। यह वैज्ञानिकों के हाथ में है, लेकिन तब तक इसके प्रति सतर्कता बनाए रखनी होगी।
अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री को बताया कि 10 नवंबर को दिल्ली में कोरोना का अब तक का सर्वोच्च स्तर देखा गया था। इसके बाद से इन मामलों में लगातार कमी आ रही है। लेकिन प्रदूषण सहित कुछ अन्य कारणों से इनमें बढ़ोतरी हुई है। इसे कम किये जाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि पॉजिटिविटी दर में भी कमी आ रही है।
दिल्ली मॉडल की तारीफ भी कर दी
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बेहद चतुराई से प्रधानमंत्री के सामने पराली की समस्या से निबटने के लिए दिल्ली मॉडल की तारीफ भी कर दी। उन्होंने पीएम को बताया कि दिल्ली में पूसा के द्वारा तैयार किए गए दवाइयों के जरिए पराली को खत्म किया जा रहा है। सीएम ने इशारा किया कि पड़ोसी राज्यों में इस तरह का कोई मॉडल न होने के कारण राजधानी की समस्या बढ़ रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री से दिल्ली के लोगों के इलाज के लिए विभिन्न केंद्रीय अस्पतालों में एक हजार आईसीयू बेड्स सुरक्षित रखने की भी मांग की।
अभी है गंभीर स्थिति