दादरी के मोहल्ला ठाकुरान में 10वीं के छात्र ने इंस्टाग्राम पर सुसाइड नोट लिखने के बाद फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। सुसाइड नोट में कोरोना वायरस का जिक्र कर जान देने और इसमें भगवान और शैतान की लड़ाई जैसी बातें लिखीं हैं।
परिजन पुलिस को सूचना दिए बिना शव को अलीगढ़ स्थित पैतृक गांव ले गए हैं। छात्र की खुदकुशी का यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। मोहल्ला ठाकुरान में 17 साल का दीपांशु चौहान परिवार के साथ रहता था। वह आमका रोड स्थित सिद्धि विनायक स्कूल में सीबीएसई 10वीं का छात्र था।
शनिवार शाम दीपांशु ने मां से कहा कि वह उसके लिए बनाना शेक बना दें, वह एक्सरसाइज करने के लिए छत पर बने कमरे में जा रहा है। इसके बाद वह नहीं लौटा। रात लगभग साढ़े आठ बजे दीपांशु के पिता अर्जुन चौहान ड्यूटी से लौटे। वह दिल्ली स्थित निजी कंपनी में नौकरी करते हैं।
उन्होंने पत्नी से बेटे के बारे में पूछा तो उन्होंने बताया कि ऊपर के कमरे में गया था, लेकिन अब तक नहीं लौटा है। परिजन छत पर गए तो देखा कि कमरे का दरवाजा अंदर से बंद है। किसी तरह दरवाजा तोड़कर कमरे में घुसे तो देखा कि दिपांशु का शव फंदे से लटक रहा था।
उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजन शव को पैतृक गांव अलीगढ़ के बहादुर कोटा लेकर चले गए।