लूथरा ने कहा कि वीवो एक एस्क्रो खाता भी बना सकता है और कथित तौर पर 1,200 करोड़ जमा कर सकता है जो कथित रूप से अपराध की आय है, इसलिए इसे खातों को संचालित करने की अनुमति दी जाए। ऐसा न होने से हर दिन मेरे ताबूत में एक कील है। अदालत ने उनके तर्को पर सशर्त खातों को संचालित करने की अनुमति प्रदान कर दी और ईडी को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में जवाब दाखिल करने को कहा है।
ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में वीवो और उससे जुड़ी कंपनियों जैसे ओप्पो और श्याओमी से जुड़े कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। एजेंसी ने जम्मू-कश्मीर स्थित एक वीवो वितरक के खिलाफ दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा द्वारा दर्ज की गई पहली सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) का संज्ञान लिया। यह आरोप लगाया गया था कि वितरक की कंपनी के शेयरधारकों ने धन शोधन के लिए जाली दस्तावेज तैयार किए थे।